खुदागंज पुलिस के उत्पीड़न से परेशान खुदागंज की गिहार बिरादरी से जुड़ी महिलाओं ने शनिवार को कलक्ट्रेट में प्रदर्शन कर धरना दिया। बाद में महिलाओं ने पुलिस कार्यालय जाकर एसपी के नाम ज्ञापन दिया और खुदागंज के एसओ समेत अन्य पुलिसकर्मियों के विरुद्ध जांच करके कार्रवाई की गुहार की।
खुदागंज में कटरा रोड की गिहार कालोनी में रहने वाली राजवती, रेखा, अनीता, रूमा, वृंदा, सुनीता, माया, सुनीला, रामा, कोमल आदि महिलाओं ने कालोनी के बुजुर्ग दुर्जन लाल के साथ कलक्ट्रेट में धरना दिया। महिलाओं ने बताया कि वह सभी पत्थर तोड़कर और बांस की डलिया बुनकर अपनी जीविका का साधन करती हैं। पुलिस वाले उनकी गरीबी के चलते उन पर बुरी नजर रखते हैं। इसीलिए आए दिन पुलिस उनके घरों से पुरुषों को पकड़कर उनका झूठे मामलों में चालान कर देती है।
महिलाओं के साथ आए दुर्जन लाल, सुनील, राजू, मुन्ना लाल आदि ने बताया कि गिहार कालोनी के लोगों का आए दिन पुलिस चोरी के झूठे मामलों में चालान कर देती है। बृहस्पतिवार की रात एसओ और दरोगा के साथ पुलिस वालों ने बस्ती में घुसकर महिलाओं से बदसलूकी की। इस दौरान पुलिस वालों ने उनके कपड़े फाड़ दिए। छीना-झपटी मेें दरोगा का बिल्ला भी नुच गया। उसे एसपी के आवास पर जमा करके शिकायत करने से कुपित होकर शनिवार को पुलिस ने फिर उनके घरों में घुसकर बदसलूकी की।
खुदागंज पुलिस गिहार कालोनी की महिलाओं से जबरन अनैतिक कार्य कराना चाहती है। पुलिस के डर से उनके परिवारों की बहुएं अपने मायके चली गई हैं। एसओ का कहना है कि जैसा कहा जा रहा, वैसा करो वरना कालोनी छोड़कर भाग जाओ। ज्ञापन की प्रतिलिपि मुख्यमंत्री, आईजी, डीआईजी, डीजीपी आदि को भेजी गई है।
000
अवैध शराब के धंधे में लिप्त हैं गिहार महिलाएं
धरना देने वाली महिलाओं और उनके परिवारों के पुरुषों का मुख्य धंधा कच्ची शराब निकालकर बेचना है। इन परिवारों को आबकारी विभाग ने भी सूचीबद्ध कर रखा है। अवैध शराब की धरपकड़ किए जाने पर गिहार कालोनी के लोग अपनी पेशबंदी में पुलिस पर बदसलूकी करने का झूठा आरोप लगा रहे हैं। - इस्तेखार अहमद, थानाध्यक्ष, खुदागंज