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Shahjahanpur News: पुवायां मंडी से केंद्र प्रभारी नदारद...बैठे मिले निजी कर्मी

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बंडा के उपमंडी में क्रय केंद्र पर छाया सन्नाटा। संवाद
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पुवायां। मंडी में लगे धान क्रय केंद्रों पर सामने आ रही लापरवाही रुकने का नाम नहीं ले रही है। शनिवार को डिप्टी आरएमओ राकेश मोहन पांडेय ने मंडी में निरीक्षण किया तो दो केंद्रों के प्रभारी नदारद मिले। उनकी जगह पर सहयोगी सेंटर चलाते मिले। जिस पर उन्होंने कड़ी नाराजगी जाहिर की।
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पुवायां मंडी में क्रय केंद्रों पर धान खरीद की व्यवस्था सुधर नहीं पा रही है। अधिकारी जांच करने पहुंचते हैं और कड़े निर्देश भी सुनाते है लेकिन केंद्रों पर उनका कोई असर होता नहीं आता। शनिवार दोपहर में डिप्टी आरएमओ राकेश मोहन पांडेय पुवायां मंडी पहुंचे। मंडी में लगे केंद्रों का निरीक्षण शुरू किया तो बी पैक्स टकेली के प्रभारी नेकपाल नदारद मिले। उनकी जगह पर निजीकर्मी शिवा बैठा मिला।
डिप्टी आरएमओ ने जानकारी की तो पता लगा कि फील्ड में गए हुए है। केंद्र पर गांव ककरौआ के किसान अनूप मिश्रा धान तौलवाने के लिए बैठे मिले। इसके पड़ोस में लगे बी पैक्स नवाबपुर गंगा केंद्र के प्रभारी प्रमोद कुमार भी नदारद थे। केंद्र का काम देख रहे निजीकर्मी आयुष ने उन्हें बताया कि प्रभारी सदस्य बनाने गए हुए हैं।
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केंद्र प्रभारी नदारद मिलने पर डिप्टी आरएमओ ने उनके जिला प्रबंधक को फोन कर कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि अगर प्रभारी केंद्र को समय नहीं दे पा रहे हैं तो केंद्रों को बंद करा दिया जाना चाहिए। केंद्रों के संचालन में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
इसके बाद डिप्टी आरएमओ मंडी में ही लगे आरएफसी के केंद्रों पर पहुंचे। यहां किसान काफी संख्या में मौजूद थे। किसानों की भीड़ देखकर उन्होंने कहा कि जो किसान हैं, वहीं केंद्र पर रहेंगे। कोई बाहरी व्यक्ति केंद्र पर मौजूद नहीं होना चाहिए। अगर ऐसा पाया जाता है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
आरएफसी के केंद्रों के सामने धान के ढेर लगे देखकर उन्होंने मंडी के अधिकारियों को अन्य केंद्रों पर भी धान भेजने के निर्देश दिए। उन्होंने किसानों से अपील करते हुए कहा कि किसान अपना धान सुखाकर ही मंडी लाएं, जिससे तौल कराने के लिए इंतजार नहीं करना पड़े।

डीएम को रिपोर्ट दी जाएगी। धान खरीद में पुवायां मंडी जनपद में अव्वल चल रहा है। धान अच्छा आ रहा है, खरीद भी अच्छी होगी। मंडी परिसर में किसान के अलावा केंद्र पर अन्य व्यक्ति नहीं बैठेगा। अगर ऐसा होता है तो कार्रवाई की जाएगी।
- राकेश मोहन पांडेय, डिप्टी आरएमओ
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बंडा मंडी में सिर्फ आठ केंद्रों पर हो रही धान खरीद, 16 केंद्र अब तक ठप
सुखाकर लाए धान में नमी ज्यादा बताकर केंद्रों से लौटाए जा रहे किसान

संवाद न्यूज एजेंसी

बंडा। किसानों को धान का समर्थन मूल्य दिलाने के लिए मंडी परिसर में विभिन्न एजेंसियों के 24 क्रय केंद्र खोले गए हैं। इनमें केवल आरएफसी के आठ केंद्रों पर ही 1100 क्विंटल धान की खरीद हुई है, जबकि मंडी में सहकारी समितियों के शेष 16 केंद्रों पर खरीद ठप है।
शनिवार को मंडी परिसर में कई केंद्रों के प्रभारी मौजूद नहीं मिले, जबकि किसान अपनी उपज की तौल कराने के लिए गल्ला आढ़तों पर भटकते दिखे। मंडी परिसर में जगह-जगह आढ़तियों के धान के ढेर लगे थे, लेकिन क्रय केंद्र सूने पड़े हुए थे। किसानों का आरोप है कि कुछ बिचौलियों ने मंडी पर कब्जा कर रखा है और उन्हीं का धान खरीदा जा रहा है।
मंडी परिसर में धान लेकर पहुंचे भारतीय किसान यूनियन टिकैत गुट के प्रदेश प्रवक्ता सुखदेव सिंह खिंडा का आरोप है कि केवल बिचौलियों का धान तौला जा रहा है। मंडी परिसर पहले से ही आढ़तियों के धान के ढेर से घिरा हुआ है। इसलिए वहां अपनी उपज रखने के लिए किसानों को खाली जगह भी नहीं मिल रही।
यूनियन के मंडल उपाध्यक्ष तरविंदर सिंह मोमी ने बताया कि छह दिन पहले मंडी में 60 क्विंटल धान लेकर गए, लेकिन उसमें नमी ज्यादा बताकर तौल नहीं की गई। अब धान बिल्कुल सूख चुका है, फिर भी उसकी तौल नहीं की जा रही है। मंडी निरीक्षक विजय प्रताप पाल का कहना है कि पिछले दिनों हुई तेज बारिश में भीगा धान अभी पूरी तरह सूख नहीं सका है।
उन्होंने सरकारी खरीद में बिचौलियों की भूमिका से इन्कार करते हुए कहा कि दो दिन लगातार धूप निकलने पर धान की नमी दूर होते ही सभी क्रय केंद्रों पर धान की खरीद शुरू हो जाएगी।

बंडा के उपमंडी में क्रय केंद्र पर छाया सन्नाटा। संवाद

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