शाहजहांपुर/कांट। राज कॉरपोरेशन लिमिटेड में कार्यरत युवती को बयान और चिकित्सीय परीक्षण के लिए बुलाया गया है। पुलिस ने व्हाट्सएप और रजिस्ट्री के जरिये नोटिस भेजकर तीन दिन का समय दिया है। पीड़िता ने नोटिस देख भी लिया है, उसे बुलाने के लिए जिलास्तर पर टीम भी गठित करने की तैयारी चल रही है।
28 दिसंबर को कांट थाने में हाईवे निर्माण से जुड़ी आरसीएल कंपनी में कार्यरत महिला कर्मचारी ने एमडी व उसके पुत्र के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। रिपोर्ट दर्ज होने के बाद पुलिस ने उसके स्थानीय कार्यालय में दबिश दी, लेकिन आरोपी नहीं मिले थे।
एसपी के आदेश पर दर्ज रिपोर्ट में आरोप है कि मैनपुरी के रहने वाले कंपनी के एमडी मनोज यादव ने उसे कॉल कर होटल के कमरे में बुलाने का दबाव बनाया। इन्कार करने पर अश्लील वीडियो व्हाट्सएप पर भेजी। हिसाब करने के बहाने कमरे में बुलाकर अश्लील हरकतें कीं। उसके बेटे से शिकायत करने पर इस्तीफा लिखवा लिया।
एसपी राजेश एस. की जानकारी में मामला होने के चलते पुलिस मामले में तेजी दिखा रही है। पीड़िता के बीमार होने के चलते बयान दर्ज कराने और चिकित्सीय परीक्षण नहीं होने से जांच थम गई। काफी प्रयास करने के बाद भी पीड़िता दहशत के चलते यहां नहीं आ पा रही है। प्रक्रिया को पूर्ण करने के लिए कांट इंस्पेक्टर और विवेचक अश्वनी सिंह ने पीड़िता को व्हाट्सएप और रजिस्ट्री के माध्यम से नोटिस भेजा है। उसे तीन दिन में बयान दर्ज कराने को उपस्थित होने के लिए कहा है। पुलिस उसके जवाब का इंतजार कर रही है।
टीम को लखनऊ भेजने की तैयारी
-पुलिस की एक टीम को गठित कर पीड़िता के पास भेजने की तैयारी शुरू हो गई। उसका फोन ऑन है, लेकिन वह कॉल रिसीव नहीं कर रही है। इसके चलते पुलिस का सिरदर्द बढ़ गया है।
-पीड़िता बुलाने के बावजूद नहीं आ रही है। उसे नोटिस भेजकर बयान देने को आने को कहा गया है। उसके बयान और चिकित्सीय परीक्षण के बाद अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।
प्रयांक जैन, सीओ सदर