तिलहर में नेशनल हाईवे के अवैध कट बंद कराती एनएचएआई की टीम। संवाद
तिलहर। लखनऊ-दिल्ली राष्ट्रीय राजमार्ग पर हादसों की वजह बन रहे डिवाइडर के अवैध कट को लेकर अमर उजाला में प्रमुखता से खबर छपते ही राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) हरकत में आ गया। एनएचएआई की टीम ने बुधवार से हाईवे के अवैध कट बंद कराने का अभियान शुरू कर दिया। टीम में शामिल अधिकारियों ने पहले दिन कई स्थानों पर डिवाइडर के टूटे हिस्से में मिट्टी डालकर और भारी पत्थर रखकर हाईवे पर अवैध घुसपैठ के कई रास्ते बंद करा दिए।
हाईवे पर एक लेन से दूसरी दिशा में जाने के लिए एनएचएआई ने हर दो-तीन किमी के फासले पर हाईवे से वैध कट दिए हैं। वाहन चालकों को आगाह करने के लिए वैध कट के ठिकानों पर सफेद पट्टियां डालने के अलावा पीली रोशनी वाले इंडीकेटर और संकेतक भी लगाए गए हैं। इसके बावजूद हाईवे के किनारे बसे कई गांवों के लोगों ने हाईवे पर अपनी सुविधा के लिए कई जगह डिवाइडर तोड़ कर अवैध कट बना लिए थे। पूर्वी भक्सी तिराहा स्थित विद्युत निगम कार्यालय के सामने होते हुए सरऊ पुलिया स्थित श्रीराम-जानकी मंदिर तक कई जगह डिवाइडर के पत्थर हटाकर और रेलिंग तोड़ कर अवैध कट बना लिए। इस विषय पर अमर उजाला में बुधवार के अंक में दिल्ली-लखनऊ हाईवे पर 30 से अधिक कट, हर पल हादसों का खतरा शीर्षक से मुद्दे को प्रमुखता से उठाया।
प्रकाशित खबर का संज्ञान लेकर एनएचएआई की टीम ने सुबह से हाईवे पर जाकर अवैध कट बंद कराने का अभियान शुरू कर दिया। टीम ने कई जगह डिवाइडर की टूटी हुई रेलिंग को हटाकर वहां दोबारा सुरक्षा प्रबंध बहाल कराए। अभियान के दौरान अवैध कट वाले हिस्से मिट्टी, पत्थर और अन्य निर्माण सामग्री से बंद कर दिए गए। कई लोगों ने एनएचएआई की इस पहल के लिए अमर उजाला को धन्यवाद व्यक्त किया है।
एनएचएआई के नियंत्रण अधिकारी इंद्रेश यादव ने बताया हाईवे के अवैध कट बंद कराने का कार्य शुरू करा दिया गया है। उन्होंने कहा कि भविष्य में यदि कोई व्यक्ति डिवाइडर या रेलिंग को क्षति पहुंचाकर अवैध कट बनाता पाया गया तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। संवाद