0 कश्मीर में हिंसा के बाद जम्मू में कर्फ्यू का असर
0 अमरनाथ गुफा से पूरे यात्रा मार्ग पर सेना का पहरा
आतंकवाद को कुचलने की कार्रवाई को लेकर कश्मीर घाटी में भड़की हिंसा से निपटने के लिए जम्मू और आसपास के क्षेत्रों में लगाए गए कर्फ्यू की वजह से बाबा बर्फानी के दर्शन करके लौट रहे शहर के श्रद्धालु गुफा से लेकर अहम पड़ाव बालटाल तक कई स्थानों पर फंस गए हैं। इससे श्रद्धालुओं के परिवार काफी चिंतित हैं, लेकिन अपनों से फोन पर बात करके उन्हें काफी राहत मिली।
बता दें कि शहर से बाबा बर्फानी के श्रद्धालुओं के कई जत्थे हर साल पवित्र अमरनाथ यात्रा पर जाते हैं। लाला तेली बजरिया स्थित प्राचीन शिव बड़ा मंदिर के पुजारी पं. सुरेश चंद्र मिश्र हमेशा की तरह इस बार भी कई परिचितों को लेकर गत तीन जुलाई को जम्मू रवाना हुए थे। उनके जत्थे में पंकज श्रीवास्तव, वीके शुक्ला, देवेंद्र सक्सेना, अमर पाल सिंह, संतोष दीक्षित, आलोक तिवारी, प्रतिमा गुप्ता, विवेक तिवारी, शैलेंद्र कुमार, संजीव गुप्ता आदि शामिल हैं।
इसी तरह बहादुरगंज छोटी सब्जी मंडी निवासी सौरभ अग्निहोत्री अपने मित्र अमित समेत कई लोगों के साथ 14वीं बार बाबा अमरनाथ की यात्रा के लिए गत चार जुलाई को सुबह रवाना हुए थे। शनिवार को देर शाम वीके शुक्ला ने रेलवे में सीआईटी पद पर कार्यरत बहन तारा शुक्ला को बताया कि उनका जत्था सुरक्षा के लिहाज से सेना ने बालटाल में रोक लिया है और चिंता की कोई बात नहीं है।
उधर, सौरभ ने घरवालों को दोपहर करीब डेढ़ बजे फोन कॉल करके राहत दी। उन्होंने बताया कि बाबा बर्फानी के दर्शन करके वापसी में गुफा से करीब पांच सौ मीटर के फासले पर ही सेना ने पूरा जत्था अपनी कस्टडी में लेकर आगे बढ़ने से रोक दिया है। सौरभ के अनुसार सेना की कड़ी निगरानी के बावजूद इलाके में हर समय अनहोनी का खतरा बना रहता है, लेकिन श्रद्धालु खुद को बाबा बर्फानी की सुरक्षा में मानते हुए पूरी तरह बेखौफ हैं।