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तेंदुए का किसान पर हमला, कुत्ते ने अपनी जान देकर बचाया

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पुवायां (शाहजहांपुर)। खेत में सिंचाई करने के दौरान पुवायां के गटैया गांव निवासी अखिलेश पर तेंदुए झपट पड़ा। अखिलेश तक पहुंचने से पहले पहले मौके पर मौजूद उनका पालतू कुत्ता तेंदुए से भिड़ गया। इस पर तेंदुआ ने कुत्ते को मार डाला और खींचकर झाड़ियों में खींच ले गया। उधर, तेंदुए को देख अखिलेश मौके से भाग लिया। इस घटना के बाद से आसपास के गांवों के लोगों में दहशत है।
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अखिलेश कुमार रविवार सुबह करीब आठ बजे अपने खेत में खड़ी धान की फसल की सिंचाई कर रहे थे। साथ में उनका पालतू कुत्ता भी खेत पर मौजूद था। तभी अचानक पड़ोस की झाड़ियों से निकला तेंदुआ अखिलेश की तरफ झपटा। तेंदुए और अखिलेश के बीच की दस फिट के करीब बची होगी। तभी अखिलेश की तरफ जाते देख उनके पालतू कुत्ते ने तेंदुए पर हमला कर दिया। इससे तेंदुआ ने अखिलेश के बजाय कुत्ते को अपने पंजों में दबोच लिया मार डाला। इसके बाद खींचकर पड़ोस की झाड़ियों में ले गया।
उधर, तेंदुआ को देख घबराए अखिलेश ने शोर मचाते हुए मौके से दौड़ लगा दी। उनकी चीख सुनकर आसपास के खेतों में मौजूद लोगों ने शोर मचाना शुरू कर दिया। ग्रामीणों ने मोबाइल से तेंदुआ के मौजूद होने की सूचना खुटार रेंज की गंगसरा वन चौकी को दी। मगर सूचना देने के करीब ढाई घंटे बाद वन कर्मी मौके पर पहुंचे। वन कर्मियों के छानबीन करने पर तेंदुए के झाड़ियों तक जाने के पगचिह्न मिले। मगर तेंदुआ के वापस जाने के कोई चिह्न नहीं मिले हैं। माना जा रहा है कि अभी तेंदुआ झाड़ियों में ही छिपा बैठा है। तेंदुआ की मौजूदगी को लेकर गुटैया और आसपास के गांवों के लोगों में खासी दहशत है।
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वनकर्मियों को तीन किमी दूरी तय करने में लगे ढाई घंटे
पुवायां। वन्यजीवों के हमले की लगातार घटनाएं होने के बावजूद अफसरों और वन कर्मियों की सुस्ती नहीं टूट रही। रविवार को तेंदुए के हमला करके कुत्ते को मार डालने की सूचना देने के करीब ढाई घंटे बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। इस पर गुस्साए किसानों ने वन कर्मियों को जमकर खरी खोटी सुनाई।
तेंदुआ के हमला करके कुत्ते को मारने की घटना रविवार सुबह करीब आठ बजे हुई। ग्रामीणों ने तुरंत फोन करके गंगसरा वन चौकी पर घटना की सूचना दी। गुटैया निवासी किसान अखिलेश कुमार ने बताया कि तेंदुआ के कुत्ते को मरने की बात सुनते ही वनकर्मी ने फोन काट दिया, जिसके बाद फोन स्विच ऑफ बताने लगा। इसके बाद पुलिस के यूपी-112 पर फोन करके सूचना दी गई। सूचना देने के कुछ देर बाद पुलिस तो मौके पर पहुंच गई, लेकिन वनकर्मी नहीं पहुंचे। इंतजार करने के बाद लोगों ने मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 पर घटना की सूचना दी। लखनऊ से फोन आने के बाद वन अधिकारियों की नींद टूटी। तब कहीं जाकर पूर्वाह्न करीब 11 बजे फारेस्ट गार्ड संदीप यादव वनकर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे।
संदीप यादव ने मौके पर पहुंचते ही लोगों से सावधान रहने को कहना शुरू कर दिया। इस पर ग्रामीण भड़क उठे। लोगों का कहना था कि जागरूकता के नाम पर कुछ देर बात करने के बाद वनकर्मी मौके से खिसक जाते हैं। जरूरत हो तो समय पर नहीं आते। गुस्साए किसानों ने हाईवे वा जाम लगाने की चेतावनी दी। इसके बाद वनकर्मियों ने किसी तरह लोगों को समझाकर शांत किया। आश्वासन दिया कि वन कर्मियों की टीम मौके पर रहकर तेंदुए की गतिविधियों पर निगाह रखेगी।
पुवायां क्षेत्र के गांव गुटैया के पास तेंदुए के होने और कुत्ते को मारने की सूचना मिली थी। स्टाफ को मौके पर भेजा गया है। मौके पर कैमरे और पिजड़ा लगाने के लिए कहा गया है। तेंदुए को पकड़ने का प्रयास किया जाएगा। कई बार गश्त आदि पर होने के कारण कर्मचारी मौके पर देर से पहुंच पाते हैं।
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- आदर्श कुमार, डीएफओ शाहजहांपुर
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