लखनऊ दिल्ली राष्ट्रीय राजमार्ग के चौड़ीकरण का कार्य धीमी गति से चलने के कारण लोगों को आवागमन में खासी परेशानी हो रही है। जहां एक और सड़कें अधबनी हैं वहीं ओवर ब्रिज के पिलर भी ठीक से नहीं खड़े हो सके हैं। ओवर ब्रिज के दोनों साइड में गहरी खाइयां खोदे जाने से वाहनों के पलटने का अंदेशा बढ़ गया है। सड़क निर्माण न होने से आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं लेकिन अधिकारी कछुआ चाल से का काम करा रहे हैं।
यहां बता दे कि राष्ट्रीय राजमार्ग के चौड़ीकरण का कार्य लगभग पांच वर्षों से अधिक समय से चल रहा है। बताते हैं कि एरा कंपनी ने निर्माण का ठेका लिया, लेकिन निर्माण का कार्य शुरू से ही बहुत धीमी गति से चला। वर्तमान में तिलहर के बाईपास चौराहा पर ओवरब्रिज व पश्चिम दिशा में सरयू वाली पुलिया पर ओवरब्रिज का हो रहा निर्माण अधर में लटका है। अधबने पिलर खड़े हैं। चौराहे पर पिलर के दोनों साइड में गहरी खाई खोद दी गई हैं। मिट्टी का भराव न होने के कारण आए दिन लोग खाई में गिर कर चुटहिल हो रहे हैं। ओवर ब्रिज के साइड से जो सड़क निकाली गई है। वह बेहद पतली होने के कारण लगातार जाम की स्थिति उत्पन्न हो रही है। घंटों जाम लगना आम बात हो गई है। चौराहे पर पुलिस को जाम खुलवाने में खासी मशक्कत करनी पड़ती है। चौराहे से रेलवे स्टेशन व नगर का मुख्य मार्ग होने के कारण इस मार्ग पर आवागमन भी अधिक है। बाईपास चौराहा क्रास करने में लोगों को पसीने छूट जाते हैं।
एरा कंपनी के स्ट्रक्चर मैनेजर फ रीद अहमद ने बताया कि अभी हाल ही में मिट्टी के खुदान पर रोक लग जाने के कारण निर्माण कार्य प्रभावित हुआ है। वहीं सड़क पर डालने के लिए गिट्टी भी नहीं मिल पा रही थी क्योंकि ट्रकों की ओवर लोडिंग जब से बंद हुई है, तबसे गिट्टी मिलना भी मुश्किल है। इधर, सड़क के एक साइड के पेड़ों के कटान की परमिशन में भी विलंब हो रहा था। अब परमिशन पेड़ काटने की प्राप्त हो चुकी है। मिट्टी की आपूर्ति होने की संभावना है मटेरियल प्राप्त होते काम तेजी से पकड़ जाएगा।