वन विभाग सदर रेंज के अंतर्गत गांव कपसेड़ा के पास हाईवे किनारे टूटे ब्रिक गार्ड। स्रोत: विभाग
शाहजहांपुर। तिलहर क्षेत्र में लखनऊ-दिल्ली नेशनल हाईवे किनारे लगे आठ ब्रिक गार्ड तोड़ने का विरोध करने पर वन दरोगा से अभद्रता और धक्का-मुक्की की गई। तहरीर देने के दो दिन बाद भी रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई है।
वन विभाग सदर रेंज के वन दरोगा चंद्रपाल सिंह 14 अक्तूबर को माली नरेश के साथ हाईवे पर गश्त कर रहे थे। कपसेड़ा गांव के पास दो लोग ट्रैक्टर-ट्रॉली से सड़क किनारे लगे ब्रिक गार्ड तोड़ रहे थे। दोनों करीब आठ ब्रिक गार्ड क्षतिग्रस्त कर चुके थे। वन दरोगा ने उन्हें रोककर ट्रैक्टर-ट्रॉली कब्जे में ले ली। आरोप है कि दोनों ने छह-सात साथियों को बुला लिया और वन दरोगा व माली से धक्का-मुक्की शुरू कर दी। इसके बाद आरोपी जबरन ट्रैक्टर-ट्रॉली लेकर चले गए।
वन दरोगा ने तत्काल तिलहर थाने में तहरीर दी। सीओ तिलहर विदुषी सक्सेना ने बताया कि मामले की जानकारी इंस्पेक्टर से ली जाएगी। रिपोर्ट दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। संवाद