शाहजहांपुर। राजकीय बाल शिशु गृह में केयरटेकर के बच्चों की पिटाई करने के वीडियो वायरल होने के बाद मामले में सीडीओ डॉ. अपराजिता सिंह ने संबंधित लोगों के बयान लेकर जांच रिपोर्ट डीएम धर्मेंद्र प्रताप सिंह को सौंप दी है। मामले में केयरटेकर की सेवा समाप्त कर दी गई है। जिला प्रोबेशन अधिकारी गौरव मिश्रा से स्पष्टीकरण तलब किया गया है। मनोवैज्ञानिक की रिपोर्ट शासन को भेजी जा रही है।
चौक कोतवाली क्षेत्र के नवादा इंदेपुर स्थित राजकीय बाल शिशु गृह में बच्चों की पिटाई करते हुए केयरटेकर पूनम गंगवार का रविवार को वीडियो वायरल हुआ था। मामले की गंभीरता को देखते हुए डीएम धर्मेंद्र प्रताप ने प्रकरण की जांच सीडीओ डॉ. अपराजिता सिंह को सौंपी। सोमवार को सीडीओ ने राजकीय बाल गृह में जाकर संबंधित लोगों से बयान लिए।
इसके बाद रिपोर्ट बनाई। सीडीओ ने जांच रिपोर्ट डीएम के सामने प्रस्तुत की। रिपोर्ट में केयरटेकर पूनम गंगवार दोषी पाई गईं। वह आउटसोर्सिंग कर्मचारी हैं। डीएम ने उनकी सेवा समाप्त कर दी है। मामले में डीपीओ गौरव मिश्रा से स्पष्टीकरण मांगा गया है। मनोवैज्ञानिक नेमचंद्र की रिपोर्ट बनाकर शासन को भेजी जा रही है। बताया जा रहा है कि वीडियो एक साल पुराने हैं।
राजकीय बाल शिशु गृह में संबंधित लोगों के बयान लिए गए है। केयरटेकर की सेवा समाप्त कर दी गई है। डीपीओ से स्पष्टीकरण मांगा गया है और मनोवैज्ञानिक की रिपोर्ट कार्रवाई के लिए शासन को भेजी गई है।
- डॉ. अपराजिता सिंह, सीडीओ