कलक्ट्रेट में प्रदर्शन करते किसान यूनियन के कार्यकर्ता। संवाद
शाहजहांपुर। पुवायां के गांव नवाबपुर गंगा में नहर विभाग की जमीन से कब्जा हटाए जाने के मामले को लेकर भारतीय किसान यूनियन अंबावता के पदाधिकारी और किसान मंगलवार को कलक्ट्रेट पहुंच गए। किसानों ने डीएम से मुलाकात की मांग को लेकर काफी देर तक इंतजार किया। मुलाकात में देरी होने पर किसान नाराज हो गए और डीएम कार्यालय के सामने जमकर नारेबाजी की।
किसानों का कहना था कि सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक डीएम का जनता दरबार लगता है। इस दौरान एक जनप्रतिनिधि काफी देर तक डीएम कार्यालय में बैठी रहीं। किसानों ने आरोप लगाया कि इसी वजह से उनकी डीएम से मुलाकात में देरी हुई। उनका कहना था कि जनप्रतिनिधि कभी भी डीएम से मिल सकते हैं, लेकिन दूर-दराज से अपनी शिकायत लेकर आने वाले किसानों और फरियादियों को जनता दरबार में प्राथमिकता मिलनी चाहिए।
किसानों के आक्रोश को देखते हुए डीएम ने यूनियन के पांच पदाधिकारियों को मिलने के लिए बुलाया। डीएम ने उनकी समस्या सुनीं। किसानों ने नवाबपुर गंगा में नहर विभाग की जमीन की पैमाइश और कब्जे से संबंधित समस्या उनके सामने रखी। डीएम ने भरोसा दिलाया कि जमीन की सही तरीके से पैमाइश कराई जाएगी और किसी के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा।
डीएम के आश्वासन के बाद किसान शांत हुए। इस दौरान जिलाध्यक्ष अभिषेक शुक्ला, अवधेश, पवन शुक्ला, सुरेश, पूनम देवी, शिफाली, देवीदीन, कौशल और मैकू आदि मौजूद रहे।