आर्य महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय में चल रहा दो दिवसीय नेशनल सेमिनार रंगारंग कार्यक्रमों और पुरस्कार वितरण के साथ संपन्न हो गया।
प्रथम सत्र में मुख्य वक्ता के रूप में मौजूद वार्ष्णेय कॉलेज अलीगढ़ के अर्थशास्त्री डॉ. निसार अहमद ने एफडीआई पर कहा कि औद्योगिक क्षेत्र में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश आवश्यक है, इससे लोगों का जीवन स्तर, आय और उत्पादकता में वृद्धि होगी। घरेलू एवं अंतर्राष्ट्रीय बाजार में हमारे उत्पाद ऊंची कीमतों पर बिक सकेंगे। कहा: 2022 तक भारत निर्माण के क्षेत्र में सकल घरेलू उत्पाद 25 प्रतिशत करने के लिए प्रयासरत है। डॉॅ. एके तोमर ने कहा कि भारत कृषि प्रधान देश है और यहां की 70 प्रतिशत जनता कृषि पर निर्भर करती है। इसलिए कृषि क्षेत्र में भी विदेशी निवेश आवश्यक है।
इस अवसर पर डॉ. एनएल शर्मा, डॉ. अवनीश मिश्र, प्रो. एके सरकार आदि ने भी तर्क संगत विचार रखे। समापन पर महाविद्यालय की छात्राओं ने सरस्वती वंदना, वसंत गीत, राजस्थानी गीत आदि पर मनमोहक नृत्य प्रस्तुत कर समां बांध दिया। छात्राओं ने कब्बाली के माध्यम से भी संदेश दिया। डॉ. रुचि द्विवेदी के संचालन में हुए कार्यक्रम में प्राचार्य डॉ. रानी त्रिपाठी ने आभार जताया। इस अवसर पर प्रबंधक अमितेश अमित, प्रबंध त्रिपाठी, रामा सिंह, कमलेश गुप्ता, मंजू अग्निहोत्री, डॉ. आलोक दीक्षित, हृदय नारायण मिश्र, त्रिलोकीनाथ पांडेय, डॉ. अनुराग अग्रवाल आदि मौजूद रहे।