दोस्त जीशान के साथ मिलकर दिया था घटना को अंजाम
17 अगस्त को ककरौआ के पास झाड़ियों में मिली थी लाश
थाना मदनापुर क्षेत्र के गांव ककरौआ निवासी नीरज की हत्या का पुलिस ने खुलासा करते हुए उसके बहनोई सहित दो लोगों को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में बहनोई ने संपत्ति के लालच में साथी की मदद से नीरज की हत्या करने की बात कही है। पुलिस ने हत्या मेें प्रयुक्त मैजिक गाड़ी भी बरामद कर ली है। मृतक का बैग और उसमें रखीं राखियां भी बरामद हुई हैं।
एसपी सिटी कमल किशोर ने बताया कि 17 अगस्त, 2016 को नीरज की लाश गांव मेें नहर पुलिया की झाड़ियों में मिली थी। मां सोमवती ने गांव के ही कौशल, मदनपाल, मुकेश, अनूप के खिलाफ बेटे की हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। नीरज के पिता हरनाथ सिंह की वर्ष 2014 में कौशल की लापरवाही से ट्रैक्टर से कुचलकर मौत हो गई थी, इसलिए सोमवती बेटे की हत्या में कौशल और उसके साथियों का हाथ होना मान रही थीं। विवेचना के दौरान पुलिस ने शक के आधार पर जलालाबाद के गांव ककरहा निवासी नीरज के बहनोई अमित कुमार से पूछताछ की तो कहानी कुछ और ही निकली। अमित ने जलालाबाद के मोहल्ला गौसनगर निवासी अपनेे साथी जीशान खां के साथ मिलकर नीरज की हत्या करने की बात स्वीकार की। पूछताछ में अमित ने पुलिस को बताया कि उसका साला अपने परिवार में तीन बीघा खेत और मकान का इकलौता वारिस था। वह शराब पीकर अपनी मां और इकलौती बहन यानी अमित की पत्नी मीना देवी को परेशान करता था। लिहाजा उसे रास्ते से हटाने की योजना बनाकर जीशान खां के साथ मिलकर 16 अगस्त की रात उसकी हत्या कर दी और लाश को मैजिक से ले जाकर नहर पुलिया के पास झाड़ियों में फेंक दिया।
पुलिस टीम को पांच हजार के इनाम की घोषणा
एसपी सिटी ने बताया कि खुलासा करने वाली पुलिस टीम में शामिल थानाध्यक्ष रजी अहमद, एसआई राकेश सिंह, वीरपाल, सिपाही रवि कुमार, अमरजीत, नरेंद्र सिंह को पांच हजार रुपये का पुरस्कार देने की घोषणा एसपी केबी सिंह ने की है।
बहन से बंधवाने गया था नीरज
नीरज तीज का सामान लेकर 14 अगस्त, 2016 को अपनी इकलौती बहन मीना से राखी बंधवाने उसकी ससुराल गया था। 15 अगस्त को वह बहन के घर ही रहा। 16 अगस्त की सुबह आठ बजे नीरज बहनोई अमित की मैजिक से अपने घर के लिए चला। रास्ते में अमित ने नीरज को शराब पिलाई और पूरे दिन उसे गाड़ी में घुमाता रहा। शाम को जलालाबाद में सरैया मोड़ से आगे गैस गोदाम से पहले गाड़ी खड़ी करके दोस्त जीशान को बुलाया। फिर तीनों ने शराब पी। नीरज जब पूरी तरह नशे में हो गया तो उसे जहर दे दिया। इसके बाद गला दबाकर हत्या कर दी।
चार्जर ने पहुंचाया असली हत्यारों तक
एसपी सिटी कमल किशोर ने बताया कि लाश झाड़ियों में फेंकने के दौरान हत्यारों का मोबाइल चार्जर गिर गया था। अगले दिन लाश बरामदगी के दौरान वह चार्जर लेने गया भी था। वहां लोगों ने उसे देखा था। विवेचना के दौरान ग्रामीणों ने चपटी नाक वाले व्यक्ति के बारे में बताया था। इसकी पहचान जीशान खां के रूप में हुई। इसके बाद पुलिस असली हत्यारों तक पहुंच पाई।