शाहजहांपुर। बरसात से पहले नालों की सफाई कराए जाने के लिए नगर निगम लाखों रुपये खर्च करता है। अभियान चलाया जाता है, नालों की सफाई करते हुए फोटो भी खिंचवाए जाते हैं। इसके बावजूद शहर के नाले गंदगी से ही पटे ही पड़े हैं। उनमें कूड़ा-करकट भरा हुआ है, जोकि सड़ने के कारण बदबू मारने लगा है। वहीं नगर निगम नियमित सफाई कार्य कराए जाने का दावा कर रहा है। नालों की सफाई न होने पर बरसात में शहर में जलभराव होना तय है।
नगर निगम क्षेत्र में बड़े 20, मझोले 08 तथा डीप ड्रेन (छोटे नाले) 63 हैं। इस तरह से छोटे-बड़े कुल 91 नाले हैं। इन नालों की सफाई का काम पिछले एक महीने से लागतार अभियान चलाकर नगर निगम की ओर से करवाया जा रहा है। नगर निगम के अधिकारियों के मुताबिक बड़े व मझोले नालों में 15 की सफाई का काम पूरा करा लिया गया है। छोटे नालों में 48 की सफाई हो गई। बाकी नालों की सफाई भी कराई जा रही है। नालों की सफाई का कार्य 15 जून तक पूरा कराने पर विभाग का जोर है। नालों की सफाई के लिए 200 कर्मचारियों को आउटसोर्सिंग पर लगाया गया है, जिनको कंपनी के माध्यम से 10 हजार रुपये महीना तनख्वाह दी जाती है।
वहीं धरातल की बात करें तो सुरक्षा उपकरण के अभाव में बड़े नालों की तलहटी तक सफाई संभव नहीं हो पा रही। कुछ नालों को छोड़ दें तो अधिकतर की सफाई हकीकत में दिख ही नहीं रही है।
मोहल्ला चमकनी करबला में कोचिंग सेंटर के पास स्थित नाला कूड़े से पटा मिला। मोहल्ले में रहने वाले आशीष ने बताया कि नालों की सफाई ठीक से होती ही नहीं है। सफाई किस तरह से हो रही है, इसकी हकीकत सामने है। मोहल्ले में नाले गंदगी से पटे पड़े हैं।
बिजलीपुरा में स्थित नाला भी अभी कूड़े से पटा है। इसकी सफाई नगर निगम की ओर से नहीं कराई गई। दुकानदार असलम ने बताया कि नाले की सफाई कई महीनों से हुई ही नहीं है। कूड़ा-करकट भरा पड़ा है। जिसकी वजह से पानी का बहाव धीमी गति से हो रहा है।
अंटा चौराहा पर धार्मिक स्थल के नीचे और दुकानों के पीछे बने नाले की सफाई न होने से यह कूड़े से पटा मिला। बताया गया कि मुख्य मार्ग पर स्थित इस नाले की सफाई के लिए जेसीबी आदि को लगाया जाता है। लेकिन कुछ ही दिनों में नाला फिर से पट जाता है।
बहादुरगंज में जेल रोड पर स्थित नाले की सफाई में भी झोल नजर आई। नाले में कूड़ा ऊपर ही तैर रहा था। जेल रोड पर ही रहने वाले अक्षय भोजवाल ने बताया कि नाले की सफाई का कार्य कब करवाया गया था, यह पता ही नहीं चला है। बोले कि सफाई होती तो कूड़ा-करवट भरा नहीं होता।
नगर निगम की ओर से अभियान चलाकर नालों की सफाई का कार्य करवाया जा रहा है। इसकी लगातार मॉनीटरिंग भी होती है। जिन नालों की सफाई अभी नहीं हो पाई है, 15 जून तक करवा दी जाएगी, ताकि बरसात के समय नाले न उफनाए। नालों की सफाई का कार्य नगर निगम अपने बजट से कराता है। अलग से कोई बजट नहीं आता। कर्मचारियों को कंपनी के माध्यम से भुगतान किया जाता है। - संतोष कुमार शर्मा, नगर आयुक्त
शाहजहांपुर के मोहल्ला चमकनी करबला का नाला कूड़े से पटा । संवाद- फोटो : SHAHJAHANPUR
शाहजहांपुर के बहादुरगंज का नाला कूड़े से पटा । संवाद- फोटो : SHAHJAHANPUR
शाहजहांपुर के अंटा चौराहे का नाला कूड़े से पटा । संवाद- फोटो : SHAHJAHANPUR