ऐसे शुरू हुआ विवाद
बृहस्पतिवार को स्थानीय लोग कॉलोनी में बने भवन में योग करने गए थे। आरोप है कि यहां मौजूद कर्मचारियों ने अंदर आने पर आपत्ति जताई। कुछ देर बाद कॉलोनाइजर आ गए। उनका कहना था कि यह भवन क्लब नहीं है। इसके लिए निर्माण के समय उपभोग तथा रखरखाव के लिए धनराशि जमा करने के लिए कॉलोनीवासियों से कहा गया था, पर किसी ने भी जमा नहीं कराई।
वहीं, कॉलोनी के लोगों का कहना था कि नक्शे में क्लब दर्शाया गया था और उन्हीं के उपयोग के लिए क्लब बनाए जाने का आश्वासन दिया गया था। जब क्लब का निर्माण हो गया है तो कॉलोनाइजर इसे बेचने की योजना बना रहे हैं। इसे लेकर दोनों पक्षों में जमकर बहसबाजी हुई। सूचना पर इंस्पेक्टर चौक कोतवाली अश्विनी कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर आ गए।