शाहजहांपुर। मिर्जापुर की बसई ग्राम पंचायत में अमृत सरोवर खोदाई के नाम पर बगैर नापजोख के एपीओ मनरेगा, दो तकनीकी सहायकों, ग्राम प्रधान, सचिव व रोजगार सेवक ने 72 हजार रुपये की रकम खाते से निकाल ली थी। इस मामले में जांच के बाद दोषियों पर कार्रवाई के लिए संबंधित विभागों ने पत्रावलियां बनाना शुरू कर दी हैं। आरोपियों के स्पष्टीकरण के आधार पर डीएम कार्रवाई करेंगे।
ग्राम पंचायत बसई में अमृत सरोवर खोदाई के मामले में सीडीओ डॉ.अपराजिता सिंह ने जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी वरुण सिंह और एई ग्रामीण अभियंत्रण उदय प्रताप सिंह को जांच सौंपी थी। दोनों अधिकारियों ने जांच रिपोर्ट सीडीओ को पिछले सप्ताह सौंपी थी। इस मामले में एपीओ मनरेगा लोकेश गंगवार को सीडीओ ने जिला मुख्यालय से संबद्ध कर दिया। तकनीकी सहायक अरविंद कुमार, नवल किशोर, ग्राम प्रधान पेमा, सचिव निशांत कुमार व रोजगार सेवक राजेश को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। सीडीओ ने एपीओ मनरेगा की पत्रावली डीसी मनरेगा बालगोविंद मिश्रा को निर्देश दिए हैं। वहीं बाकी अन्य लोगों की पत्रावली बनाने के लिए डीपीआरओ घनश्याम सागर को निर्देश दिए हैं। जांच रिपोर्ट में तकनीकी कारणों में रिकवरी 2 लाख 30 हजार रुपये की बनी है। इसकी भी प्रक्रिया शुरू हो गई। आरोपियों से स्पष्टीकरण के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। सीडीओ डॉ. अपराजिता सिंह ने बताया कि संबंधित विभागों के अधिकारियों को पत्रावली बनाने के निर्देश दिए गए हैं। स्पष्टीकरण के आधार पर डीएम स्तर से आरोपियों पर कार्रवाई की जाएगी।