धनघटा। क्षेत्र के दो अलग-अलग स्थानों पर शनिवार को लगी आग में दो सौ बीघे से अधिक गेहूं की फसल जलकर राख हो गई। तेज पछुआ हवा के झोंके में आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। लगभग तीन घंटे फसलें आग में जलती रहीं। ग्रामीणों व अग्निशमन दस्ता के अथक प्रयास के बाद आग पर काबू पाया गया।
सियर कला सिवान में अज्ञात कारणों से लगी आग ने डेढ़ सौ बीघे से अधिक फसलों को आगोश में ले लिया। फसलों में लगी आग को बुझाने के लिए सैकड़ो ग्रामीण सिवानों में निकल गए। इस बीच अग्निशमन दस्ता भी मौके पर पहुंच गया। हवा के वेग में आग पर नियंत्रण करना आसान नहीं था। लगभग तीन घंटे तक खेतों में खड़ी फसलें आग में जलती रही। आग में चालमती, अनिल उपाध्याय, जगदीश, पुर्णमासी, राजेश, संजय, कोकिला देवी, बेचन, विकास कुमार, किशन कुमार, कैलाशी देवी, हरिराम, रुद्रप्रताप, अमरनाथ, अर्जुन, रामहित, उमाशंकर, भगवान, बुधिराम, सूरज, पुरुषोत्तम, नन्दलाल आदि 55 किसानों की गेहूं की फसल जलकर राख हो गई।
सेमरी व बरपरवा गांव के सिवान में अज्ञात कारणों से लगी आग में बरपरवा गांव निवासी मन्नू, प्रभुनाथ, निर्मल, राधेश्याम आदि एक दर्जन से अधिक किसानों की चालीस बीघा गेहूं की फसल जल कर राख हो गई। इस संबंध में तहसीलदार धनघटा योगेंद्र पांडेय ने बताया कि अग्निशमन दस्ते व ग्रामीणों के सहयोग से आग पर काबू पाया गया। आग से हुई क्षति के आकलन के लिएहल्का लेखपालों को निर्देशित कर दिया गया है।