बिगरामीर में विकास कार्यों की होगी जांच
अनियमितता की शिकायत पर जांच के लिए टीम गठित
गांव के एक व्यक्ति ने अनियमितता की शिकायत डीएम से की थी
संवाद न्यूज एजेंसी
सेमरियावां। ब्लॉक की ग्राम पंचायत बिगरामीर में विकास कार्यों में अनियमितता की शिकायत की जांच के लिए डीएम ने जिला समाज कल्याण अधिकारी और आईडब्लयूएमएफ के अवर अभियंता को जांच अधिकारी नामित कर दो सदस्यीय टीम गठित की है। डीएम ने प्रकरण की जांच कर रिपोर्ट जल्द देने के निर्देश दिए हैं।
बिगरामीर गांव के अफरोज अहमद ने 25 अगस्त को डीएम को विकास कार्यों में अनियमितता को लेकर 17 बिंदुओं के शपथ पत्र के साथ शिकायत पत्र दिया है। आरोप है कि पंचायत राज अधिकारी के भेजे गए उपभोग प्रमाण पत्र के अवलोकन किया गया तो पता चला कि प्रधान द्वारा गांव में सत्र वर्ष 2016-17 से 2020-21 तक चौथा राज्य वित्त, चौदहवां वित्त मद से सीसी रोड, नाला निर्माण, इंटरलाकिंग आदि विकास कार्य पर बिना कार्य के ही और पूर्व में कराए गए विकास कार्यों को नया कार्य दिखाकर भुगतान किया गया है। यही नहीं, दूसरी कार्यदायी संस्था से कराए गए कार्य पर भी भुगतान करा लिया गया है। जिससे सरकारी धन की बड़े पैमाने पर धांधली की गई है। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए डीएम ने जिला समाज कल्याण अधिकारी महेंद्र कुमार, भूमि संरक्षण इकाई (आईडब्ल्यूएमएफ) के अवर अभियंता हीरालाल को जांच अधिकारी नामित कर दो सदस्यीय टीम गठित की। डीएम ने टीम को जांच रिपोर्ट जल्द देने के निर्देश दिए हैं। इस संबंध में ग्राम प्रधान सकीना ने बताया कि आरोप बेबुनियाद है। चुनावी रंजिश के चलते शिकायतकर्ता ने झूठा आरोप लगाया है। उनकी छवि धूमिल करने के लिए एक षडयंत्र रचा गया है। जांच में सच्चाई सामने आ जाएगी।