संतकबीरनगर। उच्च प्राथमिक विद्यालय बूढ़ी बेलहर के हेडमास्टर को बीएसए ने तीन दिन पूर्व निलंबित कर दिया था। हेडमास्टर पर आरोप था कि निरीक्षण के दौरान बीएसए को अभिलेख नहीं दिए और अभद्र व्यवहार किया।
इधर हेड मास्टर ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर बीएसए पर बाला पेंटिंग एक विशेष फर्म से कराने का दबाव बनाने, धनउगाही, शिक्षकों से अभद्र व्यवहार व जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। उसने अन्य विभाग के अधिकारी से मामले की जांच कराने की मांग की है ताकि भ्रष्टाचार का खुलासा हो सके।
बीएसए अमित कुमार सिंह ने 22 जनवरी को बेलहर ब्लॉक के उच्च प्राथमिक विद्यालय बूढ़ी बेलहर का निरीक्षण किया था। बीएसए ने अपनी रिपोर्ट में विद्यालय के हेडमास्टर पर गंभीर आरोप लगाकर निलंबित कर दिया था। इसके साथ ही अभिलेख छीनने का आरोप लगाया था। इधर हेडमास्टर रामसुरेश चौधरी ने सीएम को पत्र भेजकर आरोप लगाया है कि बीएसए ने 22 जनवरी को विद्यालय का निरीक्षण किया।
आते ही धमकी दिया और कहा कि जो चाह रहा है हूं वह नहीं कर रहे हो, इसके साथ ही निलंबित करने की धमकी देने लगे। हेडमास्टर ने पत्र में लिखा है कि एक फर्म से बाल पेंटिंग का कार्य करने का दबाव बना रहे थे।
उसने जब असमर्थता जताई तो देख लेने की धमकी दी थी। हेडमास्टर ने कहा है कि बीएसए के निरीक्षण में उसने सभी अभिलेख दिखाए थे। उसके बाद अभिलेख न दिखाने का आरोप लगा रहे है। इसके पहले भी कई शिक्षकों को बीएसए परेशान कर चुके हैं।
हेडमास्टर ने सीएम से बाला पेंटिंग के नाम पर उक्त फर्म के जरिए कितने कार्य कराए गए है। इसकी जांच की मांग की है। पूरे प्रकरण की जांच किसी अन्य विभाग के सक्षम अधिकारी से कराने की मांग की है।