धनघटा (संतकबीरनगर)। गायघाट पूर्वी गांव में रविवार की शाम बरात विदा कर लौट रही महिलाओं से छेड़खानी पर हुए विवाद में दूल्हे के चचेरे भाई अनिल कपूर (20) की हत्या के बाद गांव में माहौल तनावपूर्ण हो गया। देर रात गोरखपुर मेडिकल से अनिल का शव लेकर परिवार के लोग लौटे तो आरोपियों को तलाशने लगे। आरोप था कि गांव के योगेंद्र के परिवार के लोगों ने ही छेड़खानी और हत्या की है। सोमवार की सुबह साढ़े पांच बजे ही आक्रोशित लोगों ने योगेंद्र के घर के सामने अनिल का शव रख कर सड़क जाम कर दी। पुलिस ने लाठीचार्ज कर स्थिति संभाली। वहीं, दूसरे पक्ष के योगेंद्र के घर पर सुरक्षा के लिहाज से पुलिस तैनात रही।
अनिल कपूर के चाचा इनरलम ने पुलिस को दी तहरीर में बताया है कि उनके परिवार में लड़के की शादी थी। गांव में ही योगेंद्र निषाद की बेटी की भी रविवार को शादी थी जिसमें उनके रिश्तेदार आए हुए थे। बरात विदा कर लौट रही महिलाएं जब योगेंद्र के घर के सामने तभी किसी ने महिलाओं पर कंकड़ मार दिया। इसी बात को लेकर विवाद हुआ। इनरलम के मुताबिक बरात में शामिल अधिकतर लोग जा चुके थे, केवल एक अंतिम गाड़ी बची जिसमें अनिल समेत कुछ खास लोग जाने वाले थे। विवाद बढ़ने पर योगेंद्र के पक्ष से बड़ी संख्या में लोग जुट गए और मारपीट कर दी। इस मारपीट में अनिल कपूर (20) वर्ष, बबली (24), दीपक (26), धीरज और अमित घायल हो गए। गंभीर रूप से घायल की हालत बिगड़ने लगी। उसे गोरखपुर मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया। रात करीब दो बजे परिवार के लोग अनिल शव लेकर गोरखपुर से लौटे तो गांव में माहौल तनावपूर्ण हो गया। आक्रोशित परिजन आरोपियों की तलाश करने लगे, लेकिन आरोपी पहले ही घर से भाग चुके थे।
आरोपियों के भागने की जानकारी पर सोमवार सुबह करीब 5.30 बजे गायघाट-मुंडेरा शुक्ला मार्ग पर एक आरोपी के घर के सामने लोगों ने शव रखकर सड़क जाम कर दी और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए प्रदर्शन करने लगे। गांव में तनाव की जानकारी पर एडीएम न्यायिक चंद्रेश कुमार सिंह और तहसीलदार रामजी पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। इस बीच प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया।
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आरोपी के घर के बाहर पुलिस का पहरा
माहौल ज्यादा बिगड़ता देख पुलिस ने योगेंद्र के रिश्तेदारों और परिजनों को घर के भीतर भेजकर दरवाजा बंद कर दिया और बाहर पहरा देती रही। सुबह करीब 10.30 बजे पुलिस ने लाठीचार्ज कर भीड़ को तितर-बितर किया। दोपहर करीब 12 बजे जिलाधिकारी आलोक कुमार और एसपी संदीप मीना मौके पर पहुंचे और गांव के लोगों को समझा-बुझाकर शांत कराया। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि इस मामले में कार्रवाई की जाएगी, कुछ लोगों को हिरासत में ले लिया गया है। गांव में तनाव बरकरार है। थाना प्रभारी दिलीप सिंह ने बताया कि इस मामले में गायघाट पूर्वी गांव के योगेंद्र के परिवार से जुड़े राजकुमार, मंटू, आनंद, बब्बी, सन्नी, तूफानी, कमलेश, सचिन और 6-7 अज्ञात के विरुद्ध हत्या की धारा में प्राथमिकी दर्ज की गई है।