संतकबीरनगर। अपर सत्र व विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट कृष्ण कुमार पंचम की कोर्ट ने किशोरी को बहला-फुसलाकर दुष्कर्म करने और पॉक्सो एक्ट मे दोषी करार देते हुए आरेापी मनोज यादव को 14 वर्ष सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 30,000 रुपये अर्थदंड भी लगा है। रकम अदा न करने पर दोषी को दो वर्ष साधारण कारावास की सजा भुगतनी पड़ेगी। किशोरी को भगाने में सहयोग करने वाले आरोपी को न्यायालय में हाजिर न होने पर गैर जमानती वारंट जारी करने का आदेश दिया है ।
किशोरी के पिता ने एसपी को दिए प्रार्थनापत्र में बताया कि 17 वर्षीय पुत्री 24 जनवरी 2014 की शाम सात बजे घर से नित्य क्रिया के लिए बाहर गई थी। देर हो जाने पर उसने खोजबीन किया तो पता नहीं चला। तलाश करने के दौरान पता चला कि उस रात कोई लड़का उसकी पुत्री को लेकर गांव के बाहर रात भर था। 27 जनवरी 2014 को उसके मोबाइल पर फोन आया था। कहा कि उसकी पुत्री को मुंबई ले जाकर रखूंगा।
28 जनवरी को दोबारा फोन आया और उसे धमकी दे रहा था कि अगर बेटी और अपने परिवार की खैर चाहते हो तो चुपचाप घर बैठ जाओ। इस मामले में थाना दुधारा में केस दर्ज हुआ। अपर सत्र व विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट कृष्ण कुमार पंचम की कोर्ट ने आरोपी मनोज को किशोरी को बहला-फुसलाकर ले जाने और दुष्कर्म करने पर पॉक्सो एक्ट में दोषी पाया। मनोज यादव निवासी ग्राम पलिया सहबदी थाना कैंट जनपद अयोध्या को 14 वर्ष सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 30,000 रुपये अर्थदंड भी लगाया। अदा न करने पर दोषी को दो वर्ष साधारण कारावास की सजा भुगतनी होगी।ग