फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

शराब पीकर पिता मारते थे, परेशान होकर छोड़ दिया घर

विज्ञापन
विज्ञापन
- मेंहदावल क्षेत्र की 12 वर्षीया बालिका 11 जून को हुई थी लापता, 26 को भोपाल में चाइल्ड लाइन को मिली थी
विज्ञापन

- बाल कल्याण समिति ने बालिका को दादी को सौंपा, आरोपों की जांच बाल कल्याण अधिकारी को
अमर उजाला ब्यूरो
संतकबीरनगर। मां का देहांत हो गया है। पिता शराब पीकर रोज मारते थे। परेशान होकर मैं घर छोड़ चली गई। यह कहना है 11 जून को मेंहदावल क्षेत्र से लापता हुई 12 वर्षीय बालिका का। 26 जून को भोपाल रेलवे स्टेशन पर चाइल्ड लाइन की टीम को यह बच्ची मिली तो उसे बालिका गृह भेज दिया गया। दो दिन पूर्व बच्ची को खलीलाबाद लाया गया। यहां बाल कल्याण समिति के समक्ष उसे दादी के सुपुर्द कर दिया गया। इसके साथ ही बीएसए को बच्ची की पढ़ाई का जिम्मा सौंपा गया है।
विज्ञापन

मेंहदावल थाने के एसआई धीरेंद्र कुमार यादव और महिला सिपाही रंजीता यादव ने बृहस्पतिवार को बालिका को बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष अमित कुमार उपाध्याय व सदस्य सत्य प्रकाश उर्फ टीटू के समक्ष प्रस्तुत किया। पुलिस कर्मियों ने बताया कि बालिका की गुमशुदगी के संबंध में मेंहदावल थाने में 11 जून को मुकदमा दर्ज कराया गया था। 26 जून को बालिका भोपाल में चाइल्ड लाइन को मिली थी। बालिका ने अपने बयान में बताया कि उसकी मां का निधन हो चुका है और पिता शराब पीकर उसे बहुत ज्यादा मारते पीटते हैं। परेशान होकर वह घर छोड़कर चली गई। सीडब्ल्यूसी अध्यक्ष ने बाल कल्याण अधिकारी मेंहदावल को बालिका द्वारा लगाए गए आरोपों और गुमशुदगी अवधि में कहां रही इसकी जांच के निर्देश दिए हैं। बालिका को उसकी दादी की सुपुर्दगी में इस निर्देश के साथ दिया गया है कि वे बालिका की उचित देखभाल करेंगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें