बीडीसी सदस्यों को सहेजने में लगे दिग्गज
- हैंसर बाजार ब्लॉक प्रमुख सीट का मामला
- अविश्वास प्रस्ताव के लिए बैठक की तिथि घोषित होने पर राजनीति गर्म
संवाद न्यूज एजेंसी
धनघटा। ब्लॉक प्रमुख हैंसर बाजार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाए जाने के लिए बैठक की तिथि घोषित होते ही क्षेत्र में फिर से राजनीति गरमा गई है। ब्लॉक प्रमुख की कुर्सी पर कब्जा करने के लिए गणेश चौहान के समर्थक क्षेत्र पंचायत सदस्यों को सहेजने में जुटे हैं। वहीं, प्रिंस अगम सिंह कुर्सी को सलामत रखने के लिए क्षेत्र से लेकर लखनऊ तक प्रयास कर रहे हैं। उधर, बुधवार को बीडीओ आवास के सामने पूरे दिन पुलिस मुस्तैद रही।
हैंसर बाजार ब्लॉक के प्रमुख पद को लेकर वर्ष 2021 में दो पक्ष आमने-सामने हुए तो अभी तक अपनी-अपनी जगह डटे हुए हैं। हालांकि यहां की सीट अनुसूचित जाति महिला के लिए आरक्षित थी, लेकिन जयंत्री देवी के समर्थन में पूर्व प्रमुख प्रिंस अगम सिंह मैदान में उतर कर कमान थामे, तो दूसरे पक्ष से भाजपा नेता फतेह बहादुर सिंह उर्फ जोखई ने कालिंदी चौहान पत्नी गणेश चंद चौहान को चुनाव मैदान में उतार कर मोर्चा संभाला।
भाजपा ने कालिंदी चौहान को अपना उम्मीदवार बनाया तो जयंत्री देवी निर्दल प्रत्याशी के रूप में चुनाव मैदान में उतरीं। 99 सदस्य वाले इस पंचायत क्षेत्र में जयंत्री देवी अपने प्रतिद्वंद्वी कालिंदी चौहान को दो मतों से हराकर ब्लॉक प्रमुख की कुर्सी पर कब्जा कर लिया। पूर्व प्रमुख प्रिंस अगम सिंह प्रतिनिधि के रूप में काम देख रहे हैं।
वहीं, विधानसभा चुनाव में कालिंदी चौहान के पति गणेश चंद चौहान को भाजपा ने प्रत्याशी बनाकर विधानसभा क्षेत्र धनघटा से चुनाव मैदान में उतार दिया और गणेश चंद चौहान विधायक चुने गए।
गणेश चंद चौहान के विधायक चुने जाने के बाद से ही हैंसर बाजार में चर्चा होने लगी की ब्लॉक प्रमुख की कुर्सी खतरे में है। लोगों का कयास सोमवार को उस समय सच साबित हुआ, जब कालिंदी चौहान के साथ क्षेत्र पंचायत सदस्य डीएम के पास पहुंचकर हैंसर ब्लॉक प्रमुख पर अविश्वास जताते हुए शपथ पत्र के साथ आवेदन पत्र दे दिया।
मंगलवार को 76 क्षेत्र पंचायत सदस्यों द्वारा दिया गया शपथ पत्र का सत्यापन कराने के बाद डीएम ने आठ सितंबर को इस पर बहस कराने की तिथि निर्धारित कर दी। इसके बाद बुधवार को क्षेत्र पंचायत सदस्य को सहेजने के साथ दोनों पक्ष एक दूसरे के कार्यों पर नजर रखना शुरू कर दिए। वहीं, गहमागहमी को देखते हुए बीडीओ आवास के सामने पूरे दिन पुलिस मुस्तैद रही। बीडीओ ने बताया कि ब्लॉक परिसर में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए उच्चाधिकारियों ने पुलिस की व्यवस्था की है।