बढ़या में लक्ष्मी जी की मुर्ति बिसर्जन करने ले जाते श्रद्धालु।
- फोटो : KHALILABAD
महालक्ष्मी की प्रतिमाओं को किया विसर्जित
श्रद्धालुओं ने आरती कर किया नमन
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। सुख-समृद्धि हम पर निरंतर कृपा बरसाना, इस आकांक्षा के साथ जनपद में स्थापित महालक्ष्मी की मूर्तियों का सोमवार की देर शाम तक विसर्जन के लिए बने अस्थायी पोखरों में विसर्जित कर दिया गया। इस दौरान श्रद्धालुओं ने जगह-जगह आरती उतारी। युवा मूर्तियों के पीछे भक्ति गीतों पर थिरकते रहे। मूर्ति विसर्जन के दौरान सभी थाना क्षेत्रों की पुलिस अलग-अलग अपने इलाके में सुरक्षा व्यवस्था में साथ साथ लगी रही। समाचार लिखे जाने तक काफी संख्या में मूर्तियां विसर्जित हो गई थीं। इस दौरान किसी भी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली।
खलीलाबाद कस्बे में स्थापित मूर्तियों को नगर में भ्रमण कराते हुए युवा लोग नाचते हुए जय जय कार लगाते हुए मगहर के आमी नदी के पास बने अस्थायी विसर्जन स्थल पर विसर्जित किया। जबकि तहसील क्षेत्र में स्थापित मूर्तियां बालूशासन स्थित आमी नदी में इसी प्रकार कुसरुखुर्द, लौकी, चमनगंज, पड़रिया, दुर्गजोत, बेलहर की मूर्तियां आमी नदी के पास विसर्जित की गईं। धनघटा और हैंसर प्रतिनिधि के अनुसार मूड़ाडीहा, शनिचरा, पिड़िया, मुखलिसपुर की मूर्तियां कुआनो में और धनघटा मुख्यालय, पौली ब्लॉक क्षेत्र व हैंसर क्षेत्र की मूर्तियां घाघरा के चहोड़ा, रामबागे बिड़हरघाट में विसर्जित की र्गइं। इसी प्रकार मेंहदावल प्रतिनिधि के अनुसार तहसील क्षेत्र की मूर्तियां मुहिया पुल, बखिरा झील और करमैनी के समीप राप्ती नदी में विसर्जित की गईं। इस दौरान विसर्जन स्थल पर पुलिस तैनात रही।