जांच के दौरान पाया गया था 101 पासपोर्ट का वेरिफिकेशन फर्जी, तत्कालीन सीओ ने कोतवाली में दर्ज कराया था केस, वर्तमान में विदेश में हैं लोग
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। जनपद से जारी फर्जी पासपोर्ट पर अभी भी विदेश से आने वाले 13 लोगों पर गिरफ्तारी की तलवार लटक रही है।
शिकायत मिलने के बाद तत्कालीन सीओ की जांच में 101 फर्जी पासपोर्ट का वेरिफिकेशन पाया गया था। जिसके बाद एसपी के निर्देश पर तत्कालीन सीओ ने तीन लोगों के खिलाफ नामजद केस दर्ज कराकर दो आरोपी को तत्काल गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। अभी तक जिले की पुलिस फर्जी पासपोर्ट वेरिफिकेशन के मामले में 14 आरोपी को जेल भेज चुकी है। वर्ष 2023 में एसपी के समक्ष पासपोर्ट वेरिफिकेशन में अनियमितता की शिकायत हुई थी। एसपी के निर्देश पर तत्कालीन सीओ अंशुमान मिश्र को जांच कर रिपोर्ट तलब किया।
सीओ की जांच में 101 पासपोर्ट में फर्जी वेरिफिकेशन का खुलासा हुआ। जिसके बाद मार्च माह में सीओ ने कोतवाली खलीलाबाद में भ्रष्टाचार का मुकदमा होली से एक दिन पहले दर्ज कराया था। पुलिस ने तत्काल पासपोर्ट सेल में तैनात मुख्य आरक्षी मनोज पटेल समेत एक अन्य बाहरी व्यक्ति को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। इसके बाद एक-एक करके तत्कालीन पासपोर्ट सेल प्रभारी समेत अभी तक कुल 14 आरोपी फर्जी पासपोर्ट वेरिफिकेशन के मामले में जेल जा चुके हैं।
पुलिस ने मामले में चार्जशीट न्यायालय में प्रेषित करके लुकआउट नोटिस जारी कर दिया। इसके बाद से ही फर्जी पासपोर्ट पर विदेश से आ रहे लोग एयरपोर्ट पर भी पकड़ लिए जा रहे हैं। छह अप्रैल को पुलिस ने लखनऊ एयरपोर्ट से अरविंद कुमार पुत्र अजय कुमार निवासी इमिलडीहा थाना कोतवाली खलीलाबाद जनपद संतकबीरनगर द्वितीय नाम पता गुलशन अंसारी पुत्र सदरुद्दीन अंसारी निवासी जगदौर थाना निचलौल जनपद महराजगंज वास्तविक नाम विकास कुमार सिंह उर्फ रोशन सिंह पुत्र सुरेन्द्र सिंह निवासी सरया खास पोस्ट सिधेगौर थाना बड़हलगंज जिला गोरखपुर को हिरासत में लेकर पुलिस को सूचना दी थी।
बीते शनिवार को मुम्बई एयरपोर्ट से रामकिशुन पुत्र रघुनन्दन निवासी ग्राम भिटनी थाना महुली को पुलिस लाकर कानूनी कार्रवाई पूरी करके जेल भेज दिया है।
पासपोर्ट प्रकरण में 14 आरोपी जेल जा चुके हैं। मामले में लुक आउट नोटिस जारी है। अभी भी 13 लोग फर्जी पासपोर्ट वेरिफिकेशन कराकर विदेश में घूम रहे हैं। वापस आने के बाद जैसे एयरपोर्ट अथारिटी सूचना दे रही है, संबंधित को गिरफ्तार करके कानूनी कार्रवाई पूरी करने के बाद जेल भेजा जा रहा है।
- ब्रजेश कुमार सिंह, सीओ सिटी