संवाद न्यूज एजेंसी
धनघटा। ग्राम पंचायतों का कार्यकाल समाप्ति की ओर है, लेकिन विकासखंड हैंसर बाजार और पौली में अब अब तक विकास कार्य अधूरे पड़े हैं। ऐसे में प्रधानों ने मांग उठाई है कि पंचायतों में प्रशासक के रूप में प्रधानों को ही जिम्मेदारी दी जाए, जिससे अधूरे कार्य पूरा किए जा सकें।
उमरिया बाजार के प्रधान प्रतिनिधि अशोक कुमार अग्रहरि का कहना है कि कई योजनाओं पर कार्य शुरू नहीं हुआ, जो अधूरे पड़े हैं। यदि ग्राम प्रधानों को प्रशासक बनाया जाए तो अधूरे पड़े कार्य पूरे किए जा सकते हैं। उमरिया बाजार के प्रधान प्रतिनिधि का कहना है कि गांव में खेल का मैदान नहीं है। प्रशासक बनने के बाद खेल मैदान को प्राथमिकता दी जाएगी।
बालमपुर के प्रधान लक्ष्मी प्रसाद ने कहा कि प्रशासक बनने के बाद विकास कार्यों में निरंतरता आएगी।