एसपी ने व्यापारी हत्याकांड का पर्दाफाश किया।
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मेंहदावल के घूरापाली निवासी व्यवसायी सोहरत अली की हत्या के मामले में पुलिस ने उसके छोटे भाई की पत्नी और भतीजी समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर हत्याकांड का पर्दाफाश कर दिया। मृतक जमीन और मकान के कब्जे में आड़े आ रहा था।
एसपी शैलेश कुमार पांडेय ने बताया कि घूरापाली गांव निवासी सोहरत अली गोरखपुर जिले के पीपीगंज क्षेत्र के जसवल भरवलिया में रेडीमेड की दुकान चलाते थे। 18 अगस्त की शाम को वह दुकान बंद करके बाइक से घर लौट रहे थे, इसी दौरान घूरापाली गांव के टॉवर के पास गोली मारकर उनकी हत्या कर दी गई थी। मृतक के पुत्र आजाद अली ने अपनी तहरीर में भूमि और मकान विवाद में हत्या का शक जताते हुए चाची अकबालुन्न्शिा पत्नी सादिक अली के भाई वकील अहमद और शकील अहमद पुत्रगण मोहम्मद रजा निवासीगण पीपीगंज द्वारा हत्याकांड में शामिल होने की आशंका जताई थी। इस आधार तीनों पर केस दर्ज कर जांच शुरू की गई। इसमें पता चला कि आरोपी अकबालुन्न्शिा की बेटी गुड़िया उर्फ साजिदा खातून की घूरापाली गांव निवासी रामकुमार निषाद दोनो दोस्त हैं।
इसके बाद मां-बेटी ने राजकुमार के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची। इसके लिए घोलवा गांव निवासी कमलेश साहनी को हत्या के लिए तीन माह पूर्व सुपारी दी गई थी।
आरोपी रामकुमार और कमलेश ने अपने मित्र की बाइक का प्रयोग करके सोहरत अली की हत्या कर दी। हत्या में शामिल अकबालुन्न्शिा, गुड़िया और रामकुमार को पुलिस टीम ने मोहिया पुल के पास से गिरफ्तार कर लिया। वहीं जबकि शूटर कमलेश साहनी की पुलिस तलाश की जा रही है।
राजकुमार के पास तमंचा, कारतूस और घटना में प्रयुक्त बाइक बरामद कर ली गई। आरोपी मां- बेटी ने बताया कि उसकी जमीन और मकान पर सोहरत अली ने कब्जा कर लिया गया था। इस कारण उसने यह साजिश रची। एसपी ने एसओ सुधीर सिंह, स्वाट टीम प्रभारी संतोष तिवारी और सर्विलांस सेल के सिपाही नित्यानंद दूबे को शाबाशी देते हुए पुलिस टीम को 2500 रुपये का पुरस्कार दिया है।