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Sant Kabir Nagar News: सावधान...जांच-परख कर खरीदें खोवा व पनीर, सेहत हो सकता है खराब

Sun, 24 Mar 2024 12:03 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
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- पिछले साल होली में 18 में से नौ नमूने पाए गए अधोमानक
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संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। होली का त्योहार नजदीक आते ही बाजार में खोवा, दूध व पनीर जैसे उत्पादों की मांग बढ़ गई है। ऐसे में यदि आप बाजार से सामान खरीदने जा रहे हैं तो थोड़ा जांच, परख लें। यह आपकी सेहत को खराब कर सकता है। पिछले होली में खाद्य विभाग ने 18 सैंपल लिए थे। जिसमें से नौ सैंपल अधोमानक पाए गए थे। वहीं पिछले 10 दिनों में खाद्य विभाग ने खोवा और पनीर के 16 नमूने लिए हैं। जो जांच के लिए भेजे गए हैं। ऐसे में लोगों को खरीदारी करते समय सतर्क रहना होगा और असली व नकली खोवा और पनीर की पहचान कर खरीदारी करनी चाहिए।
बाजार में मिठाई व गुझिया बनाने के लिए खोवा की डिमांड ज्यादा है। बाजार में दो प्रकार के खोवा हैं। एक कानपुरी खोवा और एक लाल खोवा। जिसमें कानपुरी खोवा 240 रुपये किलो है तो लाल खोवा 320 रुपये किलो बिक रहा है। त्योहारी सीजन में खोवा, पनीर, घी, दूध और दूध से बने सामानों की मांग काफी बढ़ जाती है ऐसे में मुनाफाखोर लोगों की सेहत से खिलवाड़ करने में जरा भी परहेज नहीं करते हैं।
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विभागीय आंकड़ों के मुताबिक मार्च 2023 में हाेली पर्व के आसपास खोवा व पनीर के कुल 18 सैंपल लिए गए थे। जिन्हें जांच के लिए लखनऊ लैब में भेजा गया था। इनमें से नौ सैंपल अधोमानक मिले थे। जिसके बाद खाद्य व औषधि प्रशासन की टीम ने एडीएम कोर्ट में केस दायर किया था। जिस पर फैसला आना बाकी है। वहीं दुसरी तरफ अगर आप बाजार में खोवा, पनीर, दूध और घी समेत मिठाइयां खरीदने जा रहे हैं तो पहले उसे जांच अवश्य कर लें। मिलावट का शक होने पर इसकी शिकायत खाद्य सुरक्षा व औषधि प्रशासन विभाग के अधिकारियों से करें। आजाद चौक पर दुकान चलाने वाले संजय ने बताया कि मिठाई और गुझिया की डिमांड ज्यादा है। फिर भी असली खोवा से ही मिठाई बनाने का पूरा प्रयास होता है।

होली पर 100 क्विंटल खोवा और 150 क्विटंल पनीर की होगी खपत
कारोबारियों के मुताबिक लोकल खोवा की डिमांड ज्यादा है। साथ में पनीर की खपत की संभावना दुकानदार जता रहे हैं।। खोवा व्यापारी दिनेश बताते हैं कि होली तक 100 क्विटंल खोवा व 150 क्विंटल पनीर की खपत हो सकती है।

10 दिनों में खोवा व पनीर के 16 नमूने लिए गए
खाद्य व औषधि प्रशासन की टीम ने 10 दिनों में पनीर और खोवा के कुल 16 नमूने लिए हैं। इन नमूनों को लखनऊ लैब में जांच के लिए भेजा है। जिला अभिहित अधिकारी जेपी तिवारी ने बताया कि खोवा और पनीर के नमूने जांच के लिए भेजे गए हैं। रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। जांच होली तक जारी रहेगी।

असली व नकली पनीर की करें ऐसे करें पहचान
असली व नकली पनीर की पहचान हाथों पर मसलकर लगा सकते हैं। अगर पनीर मसलने के बाद टूटकर गिरने लगता है तो इस स्थिति में समझ जाइए कि पनीर नकली है। नकली पनीर की पहचान उसको पानी में उबालकर भी कर सकते हैं। इसके लिए पनीर को पानी में उबालने के लिए रखना है। इसके बाद पनीर को पानी से निकालकर ठंडा होने के लिए छोड़ दें। ठंडा होने के बाद पनीर पर सोयाबीन या अरहर का पाउडर डालकर 10 मिनट के लिए छोड़ देना है। ऐसा करने के बाद अगर पनीर का रंग हल्का लाल हो जाता है। ऐसे में खरीदा गया पनीर डिटर्जेंट या यूरिया से बनाया गया है।

ऐसे करें असली खोवा की पहवान
अगर खोवा से दुर्गंध आ रही है, तो वह खराब है। इसे बिल्कुल न खरीदें। इसके लिए खोवा को हथेली पर रखकर गोली बनाएं। अगर गोली एकदम चिकनी है तो खोवा ठीक होगा। साथ ही खोवा को हथेली पर रखकर कुछ देर तक मसलें। इससे शुद्ध देसी घी की सुगंध आएगी। खोवा को गर्म करें और उस पर एक बूंद आयोडीन टिंचर डालें। अगर खोवा का रंग नीला हो जाए तो समझ लें कि उसमें मिलावट है।

जानलेवा हो सकता है नकली खोवा-पनीर

नकली दूध, खोवा और पनीर जानलेवा हो सकता है। इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च (आईसीएमआर) की शोध में नकली दूध और पनीर को कैंसर का कारक भी बता चुका है। इससे किडनी फेल होने का भी खतरा रहता है। जिला अस्पताल के फिजीशियन डॉ एके मिश्रा ने बताया कि पनीर और खोवा जांच परखकर ही खरीदें। मिलावट वाले सामान से किडनी पर असर पड़ता है। ऐसे में त्योहारी सीजन में इससे बच कर रहें।
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लगातार दुकानों की जांच की जा रही है। पनीर व खोवा का नमूना भी लिया जा रहा है। यह क्रम होली तक जारी रहेगा। कुल 16 नमूने लिए जा चुके हैं। - जेपी तिवारी, जिला अभिहित अधिकारी, खाद्य व औषधि प्रशासन विभाग
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