संतकबीरनगर। मिशन शक्ति के तहत बुधवार को जिले के नौ विकास खंडों में बहू-बेटी सम्मेलन और महिला सशक्तीकरण चौपाल का आयोजन किया गया। इसमें 236 महिलाओं और बालिकाओं ने प्रतिभाग किया। एंटी रोमियो टीम और मिशन शक्ति टीम ने ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं को उनके अधिकार, सुरक्षा उपाय और शासन की कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी।
महिलाओं को मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना, रानी लक्ष्मीबाई बाल एवं महिला सम्मान कोष, नारी शक्ति वंदन अधिनियम, मातृ शक्ति संबल योजना, निराश्रित महिला पेंशन और मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना समेत विभिन्न योजनाओं के बारे में बताया गया।
महिलाओं और बालिकाओं को आपात स्थिति में मदद के लिए 1090 वूमेन पावर लाइन, 112 पुलिस आपातकालीन सेवा, 108 एंबुलेंस, 1098 चाइल्ड हेल्पलाइन, 102 स्वास्थ्य सेवा, 181 महिला हेल्पलाइन, 1076 मुख्यमंत्री हेल्पलाइन और 1930 साइबर हेल्पलाइन के बारे में जानकारी दी गई। इसके अलावा गुड टच-बैड टच, घरेलू हिंसा और साइबर अपराध से बचाव के उपाय भी बताए गए।
महिला बीट अधिकारियों और मिशन शक्ति टीमों ने चौपाल के माध्यम से महिलाओं से संवाद किया। उन्हें आत्मरक्षा के उपाय बताते हुए कहा गया कि वे किसी भी तरह के अन्याय के खिलाफ निडर होकर आवाज उठाएं और जरूरत पड़ने पर पुलिस की मदद लें। कार्यक्रम में महिलाओं को जागरूकता संबंधी पंफलेट भी वितरित किए गए।
कोतवाली खलीलाबाद की टीम ने खलीलाबाद ब्लाॅक में 17, दुधारा पुलिस ने सेमरियावां ब्लाॅक में 41, धनघटा पुलिस ने हैंसर और पौली ब्लाॅक में 37, महुली पुलिस ने नाथनगर ब्लाॅक में 18, मेंहदावल पुलिस ने 18, बखिरा पुलिस ने बघौली ब्लाॅक में 30, बेलहर कला पुलिस ने 21 और धर्मसिंहवा पुलिस ने सांथा ब्लाॅक में 38 महिलाओं और बालिकाओं को जागरूक किया।
कार्यक्रम में शामिल महिलाओं ने कहा कि इस तरह के आयोजनों से घरेलू हिंसा और पति-पत्नी के विवाद जैसे मामलों को खुलकर साझा करने का अवसर मिल रहा है। इससे उनका आत्मविश्वास बढ़ा है और पुलिस के प्रति भरोसा भी मजबूत हुआ है। महिलाओं ने ऐसे कार्यक्रम नियमित रूप से आयोजित किए जाने की आवश्यकता बताई।