संतकबीरनगर। जिले में छात्रों की अपार आईडी बनाई जा रही है। कहीं- कहीं जन्म प्रमाण पत्र न होने से अपार आईडी बनाने में दिक्कत हो रही थी। इसे ध्यान में रखते हुए अब आधार कार्ड में दर्ज डाटा के आधार पर ही अपार आईडी बनाने की मंजूरी शासन ने दी है। जिले में 3.45 लाख अपार आईडी बनना है। इसमें से अभी तक मात्र 1.80 लाख छात्रों की अपार आईडी बनी है।
महानिदेशक स्कूल शिक्षा कंचन वर्मा ने अपार आईडी बनाने में आ रही समस्याओं के निराकरण को लेकर निर्देश जारी किए हैं। आदेश में यह स्पष्ट है कि अगर बच्चे का जन्म प्रमाणपत्र उपलब्ध है तो यू-डायस रिकॉर्ड में पोर्टल पर वहीं नाम और जन्मतिथि दिखाई जानी चाहिए। भले ही आधार आईडी में नाम कुछ भी दर्ज हो। इसी तरह यदि जन्म प्रमाणपत्र उपलब्ध नहीं है और बच्चे को किसी अन्य प्रासंगिक दस्तावेज के आधार पर प्रवेश दिया गया है तो आधार कार्ड आईडी के आधार पर यू-डायस में डाटा भरा जाएगा।
यदि नाम, आधार आईडी और जन्म प्रमाणपत्र एक ही है और यू डाइस में रिकॉर्ड अलग है तो जन्म प्रमाणपत्र के अनुसार यू-डायस में डाटा अपडेट किया जाएगा। बीएसए अमित कुमार सिंह ने बताया कि महानिदेशक के आदेश से सभी को अवगत करा दिया गया है। नई व्यवस्था लागू होने के बाद से अपार आईडी बनाने में काफी तेजी आएगी।