- बाराबंकी के हैदरगढ़ टोल प्लाजा पर अधिवक्ता की पिटाई से नाराज थे जिले के अधिवक्ता
- दिवानी न्यायालय से निकाला विरोध जुलूस, एडीएम न्यायिक को सौंपा ज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। बाराबंकी के हैदरगढ़ टोल प्लाजा पर टोल कर्मियों द्वारा उच्च न्यायालय खंडपीठ लखनऊ जा रहे अधिवक्ता रत्नेश शुक्ला से 14 जनवरी को की गई अभद्रता एवं मारपीट से नाराज जिले के अधिवक्ताओं ने शनिवार को दीवानी कचहरी से कलक्ट्रेट परिसर तक जुलूस निकालकर विरोध-प्रदर्शन किया। इस दौरान अधिवक्ताओं का ज्ञापन लेने जिला स्तर के किसी अधिकारी के न पहुंचने पर नाराजगी व्यक्त की गई। इसके बाद अधिवक्ताओं ने 20 मिनट में जिलाधिकारी या अन्य जिले के किसी अधिकारी के न पहुंचने पर सड़क जाम करने की चेतावनी दी।
समय बीतने के बाद किसी अधिकारी के न पहुंचने पर अधिवक्ताओं ने खलीलाबाद-मेंहदावल मार्ग जाम कर दिया। करीब 30 मिनट तक मार्ग जाम रहा, जिससे आवागमन बाधित हो गया। मौके पर पहुंचे अपर जिलाधिकारी न्यायिक को अधिवक्ताओं ने सात सूत्री ज्ञापन केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री भारत सरकार को संबोधित सौंपा। सिविल बार एसोसिएशन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सरफराज नवाज आलम व महामंत्री निरंजन सिंह ने कहा कि टोल प्लाजा पर लगातार इस तरह के मामले बढ़ते जा रहे हैं। वहां के कर्मियों द्वारा हिंसा दुर्व्यवहार एवं हमले की घटनाओं से पूरा अधिवक्ता समाज आहत है।
उन्होंने कहा कि बाराबंकी के हैदरगढ़ टोल प्लाजा पर टोल कर्मियों द्वारा उच्च न्यायालय खंडपीठ लखनऊ जा रहे अधिवक्ता रत्नेश शुक्ला से 14 जनवरी को की गई अभद्रता एवं मारपीट की घटना अत्यंत निंदनीय है। अधिवक्ताओं ने कहा कि यह घटना न केवल नागरिकों की सुरक्षा को खतरे में डालती है, बल्कि कोर्ट ऑफिसर जैसे व्यक्ति पर हमला करके कानून की गरिमा एवं स्वतंत्रता पर भी आघात पहुंचाती है। प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि अधिवक्ताओं के लिए उत्तर प्रदेश में टोल फ्री किया जाए। बाराबंकी के हैदरगढ़ स्थित टोल प्लाजा पर रत्नेश शुक्ला एडवोकेट के साथ हुई घटना में दोषियों के विरुद्ध रासुका के अंतर्गत कार्रवाई की जाए। प्रत्येक टोल प्लाजा पर पुलिस चौकी स्थापित किया जाए और सीसीटीवी कैमरे लगाए जायं। साथ ही एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट शीघ्र लागू किया जाए।
प्रदर्शन में प्रदीप कुमार पांडेय, संतोष चौधरी, प्रमोद कुमार पांडेय, राम अवतार यादव, महीप बहादुर पाल, नवनीत कुमार पांडेय, दिनेश चंद्र राय, राकेश जी मिश्र, सुनील कुमार पांडेय, शत्रुघ्न यादव, दुर्गेश नारायण, रविंद्र नाथ पांडेय, अजय कुमार सिंह आदि शामिल रहे।