संतकबीरनगर। सद्गुरु कबीर की निर्वाणस्थली मगहर में होने वाले महोत्सव के लिए देर से ही सही शासन ने 40 लाख रुपये का बजट स्वीकृत कर दिया है। बजट स्वीकृत होने की सूचना के बाद से महोत्सव आयोजन समिति से जुड़े लोग उत्साहित हैं। जिलाधिकारी मार्कंडेय शाही के मुताबिक महोत्सव की रूपरेखा तैयार करने के बाद 24 से 30 मार्च तक भव्य आयोजन कराया जाएगा।
मोक्षनगरी काशी छोड़कर मगहर में जीवन के अंतिम दिन बिताने वाले कबीर ने कहा था- ‘जो कबिरा कासी मरै, रामै कौन निहोरा रे...’ यानी अगर मोक्ष काशी ही देगी तो फिर उस ईश्वर पर भला कौन भरोसा करेगा जो इस सृष्टि का सृजेता और पालनहार है। जिस कबीर ने काशी छोड़कर मगर को चुना, वहां उनकी निर्वाणस्थली पर वर्ष 1987 से कबीरचौरा परिसर में मगहर महोत्सव का आयोजन प्रतिवर्ष 12 से 18 जनवरी तक किया जाता रहा है।
महोत्सव के आयोजन के लिए शासन से अब तक 25 लाख रुपये का बजट मिलता था। हालांकि पिछले कुछ वर्षों से महोत्सव को लेकर शासन-प्रशासन गंभीरता नहीं दिखा रहा है। इस बीच एक साल जहां महोत्सव की तिथि परिवर्तित कर दी गई थी, वहीं वर्ष 2017 में विधानसभा चुनाव की वजह से शासन से आयोजन के लिए मिले 27.50 लाख रुपये वापस लौटा दिए गए थे। इसके चलते पिछले साल आयोजन ही नहीं हुआ।
इस साल गोरखपुर महोत्सव की वजह से 28 जनवरी से महोत्सव कराए जाने की निर्णय लिया गया था, लेकिन बजट नहीं मिलने की वजह से महोत्सव तय तिथि पर नहीं हो सका। महोत्सव कराए जाने के लिए नगर पंचायत मगहर की चेयरमैन संगीता वर्मा की ओर से मुख्यमंत्री को भी पत्र भेजा गया था। सदर विधायक जय चौबे ने तो इस मुद्दे को विधानसभा में उठाने का एलान भी कर दिया था। हालांकि देर से ही सही शासन ने महोत्सव के लिए इस बार 40 लाख का बजट स्वीकृत किया है।
कबीर की स्मृति में हर साल होने वाले मगहर महोत्सव की आयोजन समिति से जुड़े वेद प्रकाश चौबे और अवधेश सिंह का कहना है कि कबीर की धरती पर होने वाला महोत्सव यहां की शान है। ऐसे आयोजन में ही कबीरपंथियों को सद्गुरु के दर्शन के अवसर मिलते हैं। बजट मिलने से इस बार महोत्सव का आयोजन भव्य तरीके से किया जाएगा।
डीएम मार्कंडेय शाही ने बताया कि उपसचिव पर्यटन एपी सिंह की ओर से महोत्सव के लिए 40 लाख रुपये का बजट स्वीकृत किए जाने संबंधी पत्र दो फरवरी को महानिदेशक पर्यटन उत्तर प्रदेश को भेजा गया था जिसकी प्रति प्राप्त हुई है। हालांकि इस बार महोत्सव के लिए 50 लाख रुपये की मांग की गई थी। इस बार भव्य महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। बोर्ड परीक्षा को ध्यान में रखते हुए 24 से 30 मार्च के बीच महोत्सव कराया जाए, इसके लिए बैठक कर रणनीति तैयार की जाएगी।
अब तक महोत्सव में होने वाले कार्यक्रम
मगहर महोत्सव में सर्वधर्म सद्भाव सम्मेलन, कबीर भजन, मुशायरा, जवाबी कव्वाली, जवाबी बिरहा, आल्हा के अलावा विभिन्न तरह के सांस्कृतिक कार्यक्रम होते हैं। विभिन्न विभागों के स्टॉल भी परिसर में लगाए जाते हैं। विभिन्न स्कूलों के बच्चे भी झांकियां प्रस्तुत करते हैं। नाटकों का मंचन किया जाता है। बरसाने, मथुरा की होली, भजन, कीर्तन, सूफी गायकी आदि कार्यक्रम होते हैं। इस दौरान परिसर में मेले का आयोजन भी होता है।