मेंहदावल। डीएलएड प्रशिक्षणार्थियों द्वारा चल रहे निपुण भारत मिशन के तहत हुए आकलन के दूसरे चरण में शनिवार के ब्लॉक के 35 में से 34 विद्यालय लक्ष्य हासिल करने में सफल रहे। एक विद्यालय निपुण नहीं हो सका।
बीईओ ज्ञानचंद्र मिश्र ने बताया कि डीएलएड प्रशिक्षुओं द्वारा किए आकलन रिपोर्ट में ब्लॉक के प्राथमिक और संविलयन विद्यालयों में से 34 विद्यालयों ने निपुण लक्ष्य को हासिल कर लिया है। आकलन रिपोर्ट में एकमात्र प्राथमिक विद्यालय डडिया कला निपुण नहीं हो सका है। वहां पर कार्यरत शिक्षकों से गुणवत्तापूर्ण पठन-पाठन सुचारू रूप से चलाकर विद्यालय को निपुण बनाने के लिए प्रयास करने के लिए प्रेरित किया गया है। इसके तहत अब आठ साल की उम्र के अध्ययनरत बच्चों को निपुण बनाना है।
निपुण भारत मिशन के तहत हमें बच्चों में भाषा और संख्या की समझ विकसित करना है। इसके लिए स्कूल, अभिभावक और सरकार को मिलकर रणनीति के तहत काम करना होगा। उन्होंने कहा निपुण भारत मिशन के कुछ और लक्ष्य बच्चों की पढ़ाई में सुधार, शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार, असमानता कम करना और हर बच्चे को समान अवसर देना है।