लोहरौली में 24 लोग बुखार से पीड़ित
लोहरौली(संतकबीरनगर)। दस नवंबर को लोहरौली गांव में एक बालक की डेंगू से मौत के बाद आशा कार्यकर्ताओं के जरिए कराए गए सर्वे में यह तथ्य प्रकाश में आया है कि अब भी इस गांव में 24 से अधिक लोग बुखार से पीड़ित हैं। इसको लेकर स्वास्थ्य महकमा सतर्क हो गया है। गांव में फॉगिंग कराई गई है तो अब बुखार से पीड़ितों के रक्त का नमूना लेकर जांच की तैयारी की जा रही है।
लोहरौली बाजार में डेंगू से अजय पाठक के 11 वर्षीय बेटे सत्यम पाठक की लखनऊ में इलाज के दौरान मौत हो गई थी। इसके बाद हुए सर्वे में गांव में अब भी करीब 24 से अधिक लोग बुखार से पीड़ित पाए गए हैं। इसमें गांव की वैष्णवी, मुस्कान, सुशीला, अनन्या, रिंकी, तनु, रागिनी, सचिन, राकेश, नीलेश, निखिल, प्रियंका आदि शामिल हैं। डेंगू से मौत की जानकारी मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने सोमवार की रात में लोहरौली बाजार में पीड़ित परिवार के घर के इर्दगिर्द फॉगिंग कराई। साथ ही एंटी लार्वा का छिड़काव भी कराया गया। बेलहर कला के प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजेश चौधरी ने बताया कि सर्वे की रिपोर्ट अब तक उन्हें नहीं मिली है। रिपोर्ट मिलने के बाद पीड़ितों के रक्त का नमूना लेकर स्लाइड बनाकर जांच के लिए भेजा जाएगा। अन्य जरूरी कदम उठाएं जाएंगे। उन्होंने बताया कि डेंगू के मच्छर को टाइगर मास्कीटो कहते हैं। यह टाइगर की तरह चितकबरा होता है। यह मच्छर दिन में ही काटता है तथा डेंगू का मच्छर साफ सुथरे ठहरे हुए पानी में पनपता है। इसलिए लोग कूलर तथा गमले आदि जगहों के पानी को निरंतर बदलते रहे। उन्होंने बताया कि बुखार होने पर सरकारी अस्पतालों में जरूर दिखाएं। झोलाछाप के इलाज से बचे।