संतकबीरनगर। नौ वर्ष पूर्व खाद्य पदार्थों के मिलावट के मामले में सोमवार को सीजेएम दीपकांत मणि ने दो लोगों को तीन अलग-अलग मामलों में पांच-पांच साल की कारावास और अर्थदंड की सजा सुनाई है। दोषियों को पुलिस ने जेल भेज दिया।
मुख्य खाद्य निरीक्षक जेआर वर्मा ने 16 अक्तूबर 2009 को सावित्री कोल्ड स्टोरेज खलीलाबाद का निरीक्षण कर खोवा को नमूना परीक्षण के लिए लखनऊ लैब में भेजा था। इसमे उक्त नमूना अपमिश्रित पाया गया। उक्त मामले में खाद्य निरीक्षक ने परिवाद दाखिल किया। मामले में गवाहों के बयान व परीक्षण रिपोर्ट के आधार पर सीजेएम ने अभियुुक्त श्रीराम यादव और राम गोपाल रूंगटा को दोषी पाया तथा दो वर्ष कारावास और 10-10 हजार जुर्माना लगाया। इसी प्रकार उसी दिन खाद्य निरीक्षक ने सावित्री कोल्ड स्टोरेज से रंगीन छेना का नमूना लिया। जिसमे उक्त नमूना अपमिश्रित होना पाया गया। इस मामले में न्यायालय ने अभियुक्त श्रीराम यादव और राम गोपाल रूंगटा को पांच-पांच साल की सजा और 20-20 हजार अर्थदंड की सजा सुनाई। 16 अक्तूबर 2009 को मुख्य खाद्य निरीक्षक ने छेना की मिठाई का नमूना लेकर परीक्षण के लिए भेजा वह भी नमूना अपमिश्रित पाया गया। मामले में परीक्षण के बाद सीजेएम ने अभियुक्त श्रीराम यादव और राम गोपाल रूंगटा को पांच-पांच साल की कारावास और 20-20 हजार अर्थदंड लगाया है। अर्थदंड न जमा करने पर दो-दो माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।