एक सप्ताह तक चले मगहर महोत्सव का भव्य समापन
अमर उजाला ब्यूरो
मगहर। एक सप्ताह से चल रहे मगहर महोत्सव का शुक्रवार आखिरी दिन था। इस दिन सुबह से ही मेला परिसर सूफी भजन और निर्गुण से गूंजता रहा। डॉ. हरिशरण शास्त्री की देखरेख में भजन मंडली ने कई निर्गुण व सूफी भजन प्रस्तुत कर संत कबीर के विचारों का प्रचार किया।
कार्यक्रम की शुरुआत डॉ. हरिशरण शास्त्री के भजन सुतले में देखलीं सपना.. से हुई। इसके बाद उन्होंने बिना माला के गला सून लागेला.. और केहू कितनो बुलावे.. आदि भजनों से जीवन के यथार्थ का वर्णन किया। सूफी भजन गायिका साध्वी सेवादास के भजन तुम्हारे ज्ञान ने जीना सिखा दिया.. से श्रोता संत कबीर की भक्ति में डूब गए। भजन छूटे न पाए रंग ऐसी चादर रंगाए..तथा झुलनी टूटी, दगा होइगै बालम को भी काफी सराहा गया। भजन गायकों के साथ लाल चंद साहेब, धनंजय दास, ईश्वर दास आदि ने वाद्ययंत्रों पर संगत की। संचालन मेला समिति के संस्थापक सदस्य व सेवानिवृत्त शिक्षक वेदप्रकाश चौबे ने किया। इस मौके पर संत अरविंद दास, सुभाष मौर्या, सत्यनरायन वर्मा, कुबेर गुप्ता आदि मौजूद थे।