आक्रोशित व्यापारियों को समझाती पुलिस।
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हर बड़ी वारदात की तरह धनारी के भकरौली गांव में सराफ के घर पर की गई 25 लाख रुपये की लूट को भी पुलिस ने फर्जी करार दे दिया। इससे व्यापारी भड़क गए। महिलाओं समेत व्यापारी आगरा-मुरादाबाद हाईवे पर बैठ गए। रास्ता जाम कर दिया। पुलिस से तीखी नोकझोंक हुई। क्षेत्राधिकारी ने निष्पक्ष जांच के बाद कार्रवाई का भरोसा दिया तो व्यापारियों ने दो घंटे के बाद यातायात को सामान्य किया।
रविवार की रात को भकरौली में सराफा व्यापारी रामचरन गुप्ता उर्फ कल्लू पुत्र हरीशंकर के घर में घुसकर आठ नकाबपोश डकैतों ने परिजनों को बंधक बनाकर दस लाख रुपये, 500 ग्राम सोना, 20 किलोग्राम चांदी आदि 25 लाख रुपये की संपत्ति लूट ली। व्यापारी रामचरन गुप्ता ने गांव के ही दो लोगों को पहचानने का दावा करते हुए आठ डकैतों के खिलाफ रिपोर्ट लिखाई, लेकिन पुलिस अधिकारियों ने इस वारदात को फर्जी बताया। बिना किसी जांच के प्रथम दृष्टया डकैती को फर्जी बताने पर व्यापारियों का गुस्सा चरम पर पहुंच गया।
भड़के व्यापारियों ने मंगलवार की सुबह साढे़ सात बजे सैकड़ों व्यापारी आगरा-मुरादाबाद हाईवे पर ट्रैक्टर ट्राली लेकर पहुंचे। ट्रैक्टर ट्रालियों को मार्ग पर आड़ी तिरछी खड़ी करके महिलाएं हाईवे पर बैठ गईं। दोनों ओर वाहनों की लंबी-लंबी कतारें लगने लगी। सूचना पर पहले तो थानाध्यक्ष इलम सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। जाम खुलवाने का प्रयास करने लगे, लेकिन पीड़ित व्यापारी के भाई अशोक गुप्ता से तीखी नोकझोंक हो गई।
व्यापारियों ने पुलिस पर आरोप लगाया कि उसने दोनों नामजद आरोपियों को पकड़ लिया, लेकिन उनसे साठगांठ करके थाने में उनकी खातिरदारी की जा रही है। व्यापारियों का आक्रोश देखकर सूचना पुलिस क्षेत्राधिकारी अकील अहमद व अपर पुलिस अधीक्षक अरज पांडेय को दी गई। दोनों अधिकारी मौके पर पहुंचे। हालांकि पुलिस क्षेत्राधिकारी ने मामले की निष्पक्ष कराकर आरोपियों को गिरफ्तार करने का भरोसा दिया तो व्यापारी मान गए और जाम खोल दिया।