चंदौसी। गुलडेहरा रोड पर आबादी के बाहरी छोर पर सुबह को खेलते समय हुए बच्चों ने एक निर्माणाधीन दुकान में एक नवजात बच्ची को रोते देखा। सूचना पर मौके पर भीड़ जमा हो गई। पुलिस ने उसका उपचार कराकर बाल कल्याण समिति को सौंप दिया। समिति ने सीएमओ को बच्ची की जांच कराकर राजकीय बाल गृह दत्तक इकाई रामपुर भेजने के आदेश दिया है।
शुक्रवार की सुबह चंदौसी में गुलडेहरा रोड पर बच्चे खेल रहे थे। वही स्थानीय दीपू कुमार की दुकान निर्माणाधीन है। खेलते समय दीपू के सात वर्षीय भतीजे ने निर्माणाधीन दुकान में बच्चे के रोने की आवाज सुनी। बच्चे ने इसकी सूचना दीपू को दी। कुछ ही देर में दीपू मौके पर पहुंच गया और भीड़ जमा हो गई। उन्होंने नवजात बच्ची को उठा लिया और शरीर को साफ कर कपड़े पहनाए। सूचना पर 112 डायल पुलिस व एसआई ब्रजपाल सिंह भी पहुंच गए। लोगों ने बच्ची पुलिस के सुपुर्द कर दी। पुलिस ने उसका सीएचसी चंदौसी में उपचार कराया और इसके बाद बहजोई में बाल कल्याण समिति को सौंप दिया। बाल कल्याण समिति पदाधिकारियों ने सीएमओ संभल को बच्चे के स्वास्थ्य की जांच कराकर राजकीय बाल गृह दत्तक इकाई रामपुर के सुपुर्द कराने के आदेश दिए हैं।
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बच्ची स्वस्थ है। उसकी जांच कराने के निर्देश सीएमओ को दिए गए हैं। इसके बाद सीएमओ बच्चे को अपनी देखरेख में राजकीय बाल गृह दत्तक इकाई रामपुर के सुपुर्द कराएंगे।
रेनू कुमारी, न्यायिक पीठ बाल कल्याण समिति संभल।