नियमित नहीं होता सत्यापन, कैसे पकड़े जाएंगे संदिग्ध
सहारनपुर। किराएदारों और बाहर से आकर जिले में रहने वालों का सत्यापन नियमित नहीं हो रहा है, जिसका फायदा अपराधी उठाते हैं। ऐसी कई घटनाएं हुई हैं, जब किराए के मकान में रहने वाले बांग्लादेशी गिरफ्तार किए गए। बावजूद इसके पुलिस गंभीर नहीं है।
लखनऊ में अलकायदा के आतंकी होने के आरोप में कई युवक पकड़े गए हैं। वह पहचान बदलकर किराए के मकान में रह रहे थे। एटीएस की कार्रवाई में उनके आतंकी होने का पता चला है। सहारनपुर जनपद में भी ऐसे कई मामले सामने आ चुके हैं, जब यहां लोग किराए पर आकर रहे और उनके बाद में आतंकी होने का खुलासा हुआ। बीते वर्ष भी पुलिस ने सत्यापन कराने की जनता से अपील कर कार्रवाई शुरू की थी। कुछ दिन थानों और चौकियों में सत्यापन कार्य चला, लेकिन बाद में ठंडे बस्ते में डाल दिया गया।
छिपकर रहते रहे हैं संदिग्ध
- देवबंद से डेढ़ वर्ष पूर्व जैश-ए-मोहम्मद के आतंकी शाहनवाज तेली निवासी कुलगाम (जम्मू-कश्मीर) और आकिब अहमद मलिक निवासी पुलवामा को गिरफ्तार किया। ये पहचान बदलकर रह रहे थे।
- शहर की एकता विहार कॉलोनी में बांग्लादेशी पिता-पुत्र को पांच माह पूर्व पकड़ा गया, जो जनपद में 1994 से ठिकाने बदल-बदलकर रह रहे थे और अवैध रूप से बांग्लादेशियों को भारत लाकर उनके दस्तावेज तैयार कराकर वेस्ट यूपी व सहारनपुर में बसाते थे।
- एक साल पूर्व एटीएस ने मंडीब कोतवाली क्षेत्र से बांग्लादेशी दो भाइयों को गिरफ्तार किया था। दोनों भाई और इनके परिवार की एक महिला काफी समय से यहां रह रहे थे। बाद में इन्होंने दाबकी जुनारदार में मकान किराए पर लिया था।
- पाकिस्तानी जासूस देवराज सहगल उर्फ इकबाल के नाम से हकीकतनगर में कई वर्षों तक रहा, जिसे पटियाला पुलिस ने गिरफ्तार किया था। यहां की पुलिस को उसकी भनक तक नहीं लगी थी। उसने भारतीय नागरिकता के सभी दस्तावेज बनवा लिए थे।
-- तीन माह पूर्व मंगलनगर में अभिनेत्री कायनात अरोड़ा के ताऊ व भाजपा नेता केएल अरोड़ा के घर उनके नेपाली नौकर ने 40 लाख की चोरी की वारदात को अंजाम दिया। नौकर दिनेश का सत्यापन नहीं कराया गया था और वह चोरी कर नेपाल भाग गया।
कराया जाएगा सत्यापन, नागरिक करें सहयोग: एसएसपी
जिले में किराएदारों और बाहर से यहां आकर नौकरी करने वालों का सत्यापन कराया गया है। नागरिकों से अपील है कि मकान, दुकान किराए पर देने और घर में नौकर या किराएदार रखने से पूर्व उसका सत्यापन कराकर पुलिस सहयोग करें।
- डा. एस चनप्पा, एसएसपी