सहारनपुर। माघ पक्ष की पंचमी तिथि शुक्रवार को वसंत पंचमी के रूप में मनाई जाएगी। यह तिथि वसंत के आगमन का संकेत है। इस बार वसंत पंचमी पर चार सिद्ध योग बन रहे हैं, साथ ही जिलेभर में जमकर पतंगबाजी भी की जाती है।
ज्योतिषाचार्य अमित चतुर्वेदी ने बताया कि इस बार वसंत पंचमी पर सर्वार्थ सिद्धि योग, रवि योग, शिव योग और महासिद्धि योग बन रहा है। तिथि 23 जनवरी की सुबह 2.29 बजे से शुरू होकर 24 जनवरी की सुबह 1.46 बजे तक रहेगी। उन्होंने कहा कि वसंत पंचमी को ज्ञान, विद्या, कला, संगीत और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक माना जाता है। इसी दिन बच्चों के विद्या आरंभ करने की भी परंपरा है, जबकि इसी दिन से होलिका भी जगह-जगह स्थापित की जाती है। ज्योतिषाचार्य अमित चतुर्वेदी ने बताया कि वसंत पंचमी के दिन मां सरस्वती की पूजा अर्चना का विधान है। इस दिन मां सरस्वती को पीले आसन पर विराजमान कर पीले व सफेद पुष्प अर्पित करने से विशेष फल मिलता है।
- राशि के अनुसार मां सरस्वती की पूजन विधि
- मेष- लाल रंग की कलम मां को अर्पित करें
- वृषभ- हरे रंग की कलम, पीले चावल के साथ सफेद चंदन अर्पित करें
- मिथुन- सफेद फूल के साथ पारदर्शी कमल मां को अर्पित करें
- कर्क- लाल कलम अर्पित कर, सरस्वती मंत्र का जाप करें
- सिंह- पीली कलम अर्पित करें
- कन्या- नीली कलम अर्पित करें
- तुला काली या नीली कलम माता सरस्वती को अर्पित करें
- वृश्चिक- पीली कलम अर्पित करें
- धनु- लाल कलम अर्पित कर गणेश पूजन करें
- मकर- सफेद पारदर्शी कलम अर्पित करें
- कुंभ- हरी कलम अर्पित करें
- मीन- सफेद कलम माता सरस्वती को अर्पित करें
बाजार में छाई वसंत पंचमी की धूम
जिलेभर में वसंत पंचमी पर पतंगबाजी होती है। इसके बाजार पूरी तरह से तैयार है। महानगर के मुख्य सड़कों के किनारे पतंग की दुकानें सजी हैं। छोटों से लेकर बड़ों तक हर कोई अपनी-अपनी पसंद की पतंगों को खरीद रहे हैं। बच्चों के बीच कार्टून और रंग-बिरंगी पतंगों की मांग है तो युवा बड़ी पतंगें खरीद रहे हैं।
आज बरतें विशेष सावधानी
- दोपहिया वाहन चलाने वाले हेलमेट अवश्य पहनें
- पूरे शरीर को ढंककर रखे, खासकर गले में मफलर लपेटें
- मुख्य सड़कों और गलियों में तेज गति से वाहन न चलाएं, खासकर ओवरब्रिज पर
- पतंग उड़ाने के लिए चीनी मांझे का इस्तेमाल कतई न करें
- स्वदेशी सूत के धागे वाले मांझे का इस्तेमाल करें
- सड़क पर मांझा तैयार न करें इससे किसी भी बाइक सवार की जान को खतरा हो सकता है।
- अगर उंगली कट जाए तो फौरन उस पर हल्दी का लेप लगाएं और घाव गहरा हो तो डाॅक्टर को दिखाए।
- छत के चारों तरफ दीवार होने पर ही पतंग उड़ाए।