- एक साल में भी धरातल पर नहीं उतर सका कैंसर केयर सेंटर
अमर उजाला ब्यूरो
सहारनपुर। केंद्र सरकार ने पिछले बजट की भांति इस बजट में भी कैंसर समेत कई अन्य बीमारियों पर फोकस रखा। पिछले बजट की घोषणा पर नजर डालें तो अभी तक कैंसर केयर सेंटर धरातल पर नहीं हो सका। एक साल का अरसा बीत चुका है, लेकिन अभी तक केवल जमीन का चिह्नीकरण ही हो सका। यह अधिकारियों की कार्यशैली पर भी सवाल खड़े कर रहा है।
बता दें, कि सरकार ने पिछले बजट के दौरान सभी जिलों में कैंसर केयर सेंटर शुरू करने की घोषणा की थी। इससे जनपद वासियों को उम्मीद जगी थी कि जल्द ही इसका लाभ मिलेगा। इस बजट में भी कैंसर समेत अन्य गंभीर बीमारियों की दवाइयां सस्ती करने की घोषणा हुई है। पिछले घोषणा का हाल देखें तो एक साल की अवधि में केवल एआरटी सेंटर के पास जगह चिह्नित की गई है, जिससे आगे प्रक्रिया नहीं बढ़ी। दावा किया जा रहा है कि सेंटर बनने के बाद जांच से लेकर इलाज की पूरी सुविधा होगी। इसके लिए कैंसर रोग विशेषज्ञ की तैनाती होगी। वहीं, जनपद में कैंसर पीड़ितों के लिए केवल जांच की सुविधा है। बीमारी की पुष्टि होते ही स्वास्थ्य विभाग मरीज को रेफर कर देता है। उसके बाद मरीज इलाज के लिए अन्य राज्यों में भटकते हैं। स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के अनुसार सहारनपुर में कैंसर के 20 से 22 मरीज हैं, जिन्हें रेफर किया जा चुका है। फिलहाल उनकी क्या स्थिति है। स्वास्थ्य विभाग को यह भी पता नहीं है।
वहीं, स्वास्थ्य विभाग के आंकड़े के अनुसार जिला अस्पताल, सीएचसी समेत सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर डायबिटीज के 10 हजार से अधिक मरीज हैं। निजी चिकित्सकों से इलाज और दवा लेने वालों की संख्या लाखों में है।