सहारनपुर। टपरी स्थित को-ऑपरेटिव शराब फैक्टरी में करीब 35 करोड़ रुपये की एक्साइज चोरी के मामले में स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने जांच की रफ्तार तेज कर दी है। किसी भी दिन एसटीएफ की टीम सहारनपुर में डेरा डालकर शराब कारोबारियों के करीबियों से पूछताछ कर सकती है।
देहात कोतवाली प्रभारी निरीक्षक सूबे सिंह की ओर से टपरी स्थित को-ऑपरेटिव शराब फैक्टरी के एमडी समेत 27 लोगों पर गैंगस्टर एक्ट की रिपोर्ट दर्ज कराई है। शराब फैक्टरी के एमडी बदायूं निवासी प्रणय अनेजा समेत 27 लोगों पर 35 करोड़ रुपये की एक्साइज चोरी करने का आरोप लगाकर जांच की गई थी। पुलिस की दबिश के डर से सभी शराब कारोबारी भूमिगत हो गए हैं। उन्होंने अपने मोबाइल नंबर भी बंद किए हैं ताकि उनकी लोकेशन पता न चल सके। इस मामले की जांच एसटीएफ कर रही है। एसटीएफ यह पता लगाने में जुटी है कि किस-किस अधिकारी की लापरवाही या संलिप्तता के चलते यह गोरखधंधा चलता रहा। जांच के डर से आबकारी विभाग के कई अधिकारी भी निशाने पर हैं। उन्हें डर इस बात का है कि जांच के दौरान कहीं उनका नाम उजागर न हो जाए। विभाग के भीतर फाइलों और रिकॉर्ड को लेकर हलचल तेज हो गई है। इस मामले को लेकर एसटीएफ किसी दिन भी सहारनपुर में दस्तक दे सकती है। आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद ही कई अन्य लोगों के नाम सामने आ सकते हैं। उधर, जिला आबकारी अधिकारी महेंद्र सिंह का कहना है कि स्थानीय स्तर पर कोई जांच नहीं हो रही है। एसटीएफ अपने स्तर से ही जांच में जुटी है।