संवाद न्यूज एजेंसी
बड़गांव। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को लेकर गांवों में सरगर्मियां शुरू हो गई हैं। ग्राम पंचायत की चौधराहट के लिए चुनावी रण में उतरने वाले दावेदरों ने अपनी-अपनी बिसातें बिछानी शुरू कर दी हैं। गांव ऊमरी मजबता में आगामी पंचायत चुनाव को लेकर दावेदार गोटियां फिट कर रहे हैं। इस गांव में अब तक सबसे ज्यादा पांच बार ठाकुर हरवंश सिंह के परिवार ने प्रधानी की कमान संभाली है। वर्तमान में उनके पौत्र दिनेश सिंह राणा ग्राम प्रधान हैं।
रामपुर मनिहारान तहसील नानौता ब्लॉक मुख्यालय के गांव ऊमरी मजबता के मजरे गांव लोटनी सहित आबादी लगभग चार हजार के आसपास है। कुल मतदाताओं की संख्या दो हजार है। इस गांव की राजनीति पर आजादी के बाद से ही सबसे ज्यादा प्रभाव ठाकुर हरवंश सिंह के परिवार का रहा है। वर्तमान प्रधान दिनेश सिंह के बाबा ठाकुर हरवंश सिंह वर्ष 1961 से 1970 तक दो बार निर्विरोध प्रधान बने। वर्ष 1970 से वर्ष 1975 के बीच तीन लोगों, पहले अर्जुन सिंह फिर खजान सिंह और उसके बाद ठाकुर बाबू सिंह ने प्रधानी की कमान संभाली। वर्ष 1976 से 1982 तक ठाकुर राजपाल सिंह ने प्रधानी की। वर्ष 1982 से 1995 तक दिनेश सिंह के पिता ठाकुर रणधीर सिंह प्रधान रहे। रणधीर सिंह ने लगातार दो पंचवर्षीय योजना गांव ऊमरी मजबता में प्रधानी की।
वर्ष 1995 में कैलाशो देवी गांव की पहली महिला प्रधान बनी। वर्ष 2000 में ओंकारी देवी ग्राम प्रधान रही। वर्ष 2005 में सतपाल और वर्ष 2010 में मुनेश देवी ने चुनाव जीता। वर्ष 2015 में रोहित कुमार (लौटनी) ग्राम प्रधान बने।
वर्ष 2021 के चुनाव में हरवंश सिंह के पौत्र दिनेश सिंह पुंडीर प्रधानी चुनाव जीते। उनके बड़े भाई अरविंद पुंडीर जड़ौदा पांड़ा स्थित किसान सहकारी समिति मौरा के चेयरमैन हैं। ग्राम प्रधान दिनेश सिंह राणा कहना है कि अगर इस बार फिर से जनता ने सहयोग किया तो वह चुनाव मैदान में उतरेंगे।