गेट खुलवाने की जद्दोजहद करते पुलिसकर्मी
- फोटो : SAHARANPUR
सरसावा (सहारनपुर)। राजकीय मेडिकल कॉलेज से हटाए गए अस्थायी कर्मियों ने विरोध स्वरूप मेडिकल कॉलेज के दोनों मुख्य द्वार बंद कर दिए, जिससे मरीजों का आवागमन पूरी तरह बंद हो गया। पुलिस द्वारा जबरदस्ती एक द्वार खुलवाया गया तो धरनारत कर्मचारियों तथा पुलिस के बीच जमकर धक्का-मुक्की हुई, जबकि अस्थायी कर्मचारी लगातार एक मुख्य द्वार बंद कर धरने पर डटे रहे।
मंगलवार को राजकीय मेडिकल कॉलेज के मुख्य द्वार पर जमकर हंगामा हुआ। दरअसल मेडिकल कॉलेज के मुख्य द्वार पर कॉलेज से हटाए गए कर्मचारी लगातार 33 दिन से धरना दे रहे हैं। कर्मचारियों का कहना है कि उन्हें कोरोना का काल में ड्यूटी पर रखा गया था और अब उनसे रोजगार छीन कर हटा दिया गया है। पूर्वाह्न 11 बजे के करीब अचानक अस्थायी कर्मचारियों ने मेडिकल कॉलेज का मुख्य द्वार बंद कर चेन डालकर ताला जड़ दिया। जैसे ही जानकारी पुलिस को मिली ताला खुलवाने पहुंच गई। इसी बीच कर्मचारियों ने दूसरे द्वार को भी बंद करते हुए ताला जड़ने का प्रयास किया। इसे लेकर पुलिस तथा कर्मचारियों के बीच धक्का-मुक्की तक हुई, लेकिन पुलिस ने सख्ती के साथ एक द्वार खुलवा दिया। मुख्य द्वार बंद होने से मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
अस्थायी कर्मचारियों का कहना था कि कोरोना का काल में उन्होंने जान हथेली पर रखकर बेहद कठिन परिस्थितियों में कोरोना मरीजों की सेवा की है। अब काम निकल जाने के बाद उन्हें हटाया जा रहा है जो प्रदेश सरकार का बेहद निंदनीय कदम है। दोपहर के समय मुख्य द्वार खुलवाने के लिए एसडीएम सदर किंशुक श्रीवास्तव तथा पुलिस क्षेत्राधिकारी नकुड़ अरविंद सिंह पुंडीर भी पहुंचे, लेकिन कर्मचारियों ने उन्हें भी बैरंग लौटा दिया।
इस संबंध में मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. अरविंद त्रिवेदी ने बताया कि अस्थायी कर्मचारियों को कोरोना काल के लिए अवनी परिधि आउटसोर्सिंग कंपनी ने काम पर रखा था। कंपनी ने कोरोना काल समाप्त होने के पश्चात कर्मचारियों को हटा दिया। इस प्रकरण से मेडिकल कालेज का कोई लेना देना नहीं है। धरना दे रहे अस्थायी कर्मचारियों को भी तकनीकी रूप से सभी मामलों से अवगत करा दिया गया है परंतु वे अनावश्यक जिद पर अड़े हुए हैं। मुख्य द्वार बंद कर मरीजों को परेशान कर रहे हैं। प्राचार्य ने बताया कि उन्होंने कर्मचारियों के व्यवहार के संबंध में पत्र लिखकर पुलिस प्रशासन को अवगत करा दिया है।
मेडिकल कॉलेज गेट खुलवाने आए पुलिसकर्मियों से नोकझोंक करते अस्थाई कर्मचारी.- फोटो : SAHARANPUR
कर्मचारियों को समझाती एसडीएम सदर किंशुक श्रीवास्तव- फोटो : SAHARANPUR
मेडिकल कॉलेज के मुख्य द्वार पर ताला लगा कर खड़े कर्मचारी- फोटो : SAHARANPUR