सहारनपुर। किशोरों के लिए कोविड टीकाकरण चल रहा है, जिसमें खासी प्रगति है। प्रगति की मुख्य वजह टीके को लेकर किशोर वर्ग का जागरूक होना है। यही वजह है कि 15 से 17 आयु वर्ग के 85 फीसदी से अधिक किशोर पहली और 56 फीसदी किशोर दोनों खुराक ले चुके हैं। 12 से 14 आयु वर्ग वालों की बात करें तो पहली खुराक लेने वालों का प्रतिशत 55 से अधिक है। दूसरी खुराक के लिए फिलहाल कम ही किशोर पहुंच रहे हैं। इसकी प्रमुख वजह 12 से 14 आयु वालों का टीकाकरण 16 मार्च 2022 से शुरू होना है, क्योंकि यदि कोविशील्ड लगवाई है तो उसकी दूसरी खुराक के लिए 84 दिन और कोवैक्सीन के लिए कम से कम 28 दिन का समय निर्धारित है।
टीके को लेकर किशोरों का पक्ष
--एसबीडी जिला अस्पताल की एमआरआई बिल्डिंग में चल रहे टीकाकरण केंद्र पर टीका लगवाने पहुंचे वर्धमान कॉलोनी निवासी अभय प्रताप लॉर्ड महावीरा एकेडमी के दसवीं के छात्र हैं। 15 वर्षीय अभय प्रताप अपनी मां के साथ टीका लगवाने आए थे। अभय ने बताया कि उसने पहला टीका लगवाया है, जिसके लिए वह कई दिन से मां को साथ चलने के लिए कह रहे थे। आज मां साथ आई है, जिसकी मौजूदगी में टीका लगवाया है।
--ज्वालानगर निवासी 15 वर्षीय शौर्य जिला महिला अस्पताल में चल रहे टीकाकरण केंद्र पर टीका लगवाने पहुंचे। वह अपने मित्र के साथ आए थे। शौर्य ने बताया कि उसने बुधवार को अपनी दूसरी खुराक ली है। बताया कि मां और पापा के साथ ही शिक्षक भी टीके के लिए कह रहे थे। पहला टीका उन्होंने परिजनों के कहने पर लगवाया था, लेकिन दूसरे टीके का इंतजार उसे एक माह से था। इसलिए उसने खुद आकर टीका लगवाया है।
--बेरीबाग निवासी शौर्य गुप्ता भी 15 वर्ष के हैं। वह भी बुधवार को जिला महिला अस्पताल में वैक्सीन की दूसरी खुराक लेने के लिए अपने मित्र के साथ पहुंचे थे। शौर्य गुप्ता ने बताया कि कोरोना की दूसरी लहर में जिस तरह से लोगों की जानें गई। ऐसे में वह कोरोना को लेकर डरे हुए थे। परिवार के सभी सदस्य टीका लगवा चुके हैं। अपनी जिंदगी को सुरक्षित करने के लिए उसने भी दोनों खुराक ले ली हैं।
कोविड टीकाकरण की सफलता का सबसे बड़ा कारण जागरूकता है। विभाग ने इसके लिए काफी प्रयास किए हैं। वर्तमान में किशोरों का टीकाकरण चल रहा है, जिसकी प्रगति अच्छी है। यही अपील है कि टीकाकरण का लाभ उठाएं और अपने जीवन को कोरोना से सुरक्षित करें।
डॉ. सुनील कुमार वर्मा, जिला प्रतिरक्षण अधिकारी।