पत्नी और तीनों बच्चों के साथ योगेश रोहिला की तस्वीर।
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गंगोह के सांगाठेड़ा हत्याकांड में योगेश रोहिला ने अपनी पत्नी नेहा पर चरित्रहीनता का जो आरोप लगाया था, वह पूरी तरह से झूठा निकला। जिस व्यक्ति पर नेहा के साथ अवैध संबंधों का आरोप लगाया गया, उसने खुद सामने आकर योगेश के सभी दावों को खारिज कर दिया। आरोपों से आहत व्यक्ति ने कहा कि वह नेहा के चाचा समान है और नेहा को वह अपनी बेटी समान मानता था।
बताया कि वह शुगर का मरीज है और बीमारी के चलते उसकी एक अंगुली भी कट चुकी है। पिछले दो वर्षों से वह ज्यादातर अपने खेतों में ही रहता है और सामाजिक जीवन से दूर है। गांव के प्रधान, जिला पंचायत सदस्य और विभिन्न राजनीतिक दलों के कार्यकर्ताओं ने भी इस व्यक्ति को चरित्रवान बताया। उन्होंने कहा कि योगेश रोहिला ने अपनी करतूत छिपाने के लिए झूठी कहानियां गढ़ी थीं।
वहीं, गांव के बुजुर्गों और समाज के प्रतिष्ठित लोगों ने भी नेहा को संस्कारी और चरित्रवान गृहिणी बताया। सांगाठेड़ा मिश्रित आबादी वाला मुस्लिम बहुल गांव है, जहां लोगों ने एक सुर में योगेश के आरोपों को झूठा करार दिया। ग्रामीणों का कहना है कि योगेश ने अपने अपराध को सही ठहराने के लिए झूठ का सहारा लिया।
ये है मामला
भाजपा नेता योगेश रोहिला ने 22 मार्च को अपनी पत्नी नेहा और बेटी श्रद्धा, बेटों देवांश व शिवांश को गोली मार दी थी। बच्चों की मौके पर मौत हो गई थी, जबकि नेहा ने चंडीगढ़ के पीजीआई अस्पताल में दम तोड़ा। पुलिस की जांच में सामने आया कि योगेश को नेहा पर किसी और से संबंध होने का शक था। इसी कारण उसने वारदात की। पुलिस ने योगेश को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।