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मस्जिद ध्वस्तीकरण: कार्रवाई पर इकरा हसन ने बोलीं-हाईकोर्ट जाने का समय नहीं दिया; लोकतंत्र की हत्या हुई

Sat, 05 Sep 2026 12:32 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सहारनपुर

सार

सहारनपुर में मस्जिद ध्वस्तीकरण को लेकर सपा सांसद इकरा हसन ने कार्रवाई पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि लोगों को हाईकोर्ट जाने का समय नहीं दिया गया और प्रमुख लोगों को हाउस अरेस्ट किया गया।
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सपा सासंद इकरा हसन - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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सहारनपुर में मस्जिद ध्वस्तीकरण का मामला लगातार राजनीतिक तूल पकड़ रहा है। शामली में समाजवादी पार्टी की सांसद इकरा हसन ने इस कार्रवाई को लेकर प्रशासन पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने दावा किया कि निचली सिविल कोर्ट का आदेश आने के बाद मस्जिद को सील कर दिया गया और आसपास बैरिकेडिंग लगा दी गई। इसके बाद लोग अधिकारियों से बात कर कुछ समय मांगना चाहते थे, लेकिन उन्हें हाईकोर्ट जाने का मौका नहीं मिला।

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'हाईकोर्ट जाने का समय नहीं दिया गया'
इकरा हसन ने कहा कि लोग इस मामले में कानूनी रास्ता अपनाते हुए हाईकोर्ट जाना चाहते थे। उनके मुताबिक, अधिकारियों से बातचीत कर कार्रवाई के लिए कुछ समय मांगा जा रहा था, लेकिन समय नहीं दिया गया। उन्होंने दावा किया कि इसके बाद सहारनपुर जिले के प्रमुख लोगों को हाउस अरेस्ट कर लिया गया।

यह भी पढ़ें: सहारनपुर कलेक्ट्रेट में मस्जिद गिराने पर तनाव: इकरा हसन हाउस अरेस्ट, यूपी पुलिस ने रोका तो भड़क गईं सपा सांसद

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सुबह मस्जिद ढहाने का दावा
सपा सांसद ने आरोप लगाया कि प्रमुख लोगों को हाउस अरेस्ट किए जाने के बाद सुबह-सुबह मस्जिद को ढहा दिया गया। उन्होंने इस पूरी कार्रवाई को शर्मनाक और निंदनीय बताया। इकरा हसन ने कहा कि इस मामले को कोर्ट में ले जाया जाएगा और कानूनी लड़ाई लड़ना उनका अधिकार है।

'लोकतंत्र की हत्या कैसे हुई, यह दिखाता है'
इकरा हसन ने कार्रवाई के तरीके पर सवाल उठाते हुए कहा कि इससे पता चलता है कि लोकतंत्र की हत्या कैसे हुई। उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा समय में 'क्विक जस्टिस' को ही मानक तरीका माना जा रहा है।
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'सरकारी आदेश ही सब कुछ है तो कानूनी व्यवस्था की जरूरत क्या'
सपा सांसद ने कहा कि अगर हर फैसला केवल सरकारी आदेशों के आधार पर ही लिया जाना है तो फिर कानूनी व्यवस्था की जरूरत ही क्या रह जाती है। उन्होंने कहा कि किसी भी मामले में संबंधित पक्ष को कानूनी उपाय अपनाने और न्यायालय का दरवाजा खटखटाने का अवसर मिलना चाहिए।

'कोर्ट में ले जाएंगे मामला'
इकरा हसन ने कहा कि मस्जिद ध्वस्तीकरण के मामले को कोर्ट में ले जाया जाएगा। उन्होंने कार्रवाई को पूरी तरह निंदनीय बताते हुए कहा कि इस तरह की कार्रवाई के लिए जिम्मेदार लोगों को इसका अंजाम भुगतना होगा। हालांकि, उनके इस बयान में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि प्रशासनिक पक्ष से होना बाकी है।
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