बिहारीगढ़ थाना क्षेत्र के गांव मदनपुरा में रविवार दोपहर बाद खूंखार कुत्तों के झुंड ने चिलकाना थाने के गांव दभेड़ा कला निवासी अजीम (8) को नोचकर मार डाला। अजीम मदनपुरा में अपनी बुआ के यहां रहने आया हुआ था। 20 दिन पहले ही उसकी मां की मौत हो गई थी। बच्चे की मौत से हर कोई आहत है।
अजीम पुत्र इसरार एक सप्ताह पहले ग्राम पंचायत मुस्सापुर के मजरे मदनपुरा में अपने फूफा फारुख के यहां आया था। रविवार दोपहर वह अपने फूफा के घेर में अकेला बैठा था। इसी दौरान वहां अचानक खूंखार कुत्तों के झुंड ने उसे घेर लिया और उस पर हमला कर दिया। बच्चे की चीख-पुकार सुनकर आसपास मौजूद ग्रामीण मौके की ओर दौड़े। उन्होंने लाठी-डंडों से किसी तरह कुत्तों को भगाया, लेकिन तब तक अजीम लहूलुहान हो चुका था।
ग्रामीण उसे आननफानन फतेहपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए। वहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। ग्राम प्रधान मुरसलीन चौधरी ने बताया कि गांव में दर्जन भर खूंखार कुत्तों का झुंड घूम रहा है, जो आते-जाते लोगों पर हमला कर देता है। डेढ़ माह पहले भी कुत्तों ने असजद के चार साल के बेटे पर हमला कर दिया था। बच्चा एक सप्ताह तक सहारनपुर अस्पताल में भर्ती रहा था। लोग अपने बच्चों को बाहर भेजने तक से डर रहे हैं।
मजदूरी करता है पिता, आर्थिक स्थिति खराब
अजीम की मौत के बाद उसके परिजन मदनपुरा पहुंचे। यहीं उसे गमगीन माहौल में सुपुर्देखाक किया गया। अजीम सात भाई-बहनों में तीसरे नंबर का था। वह मदरसे में पढ़ता था। पिता इसरार मजदूरी करते हैं। परिवार की आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं है। सीओ बेहट प्रिया यादव ने बताया कि कुत्तों के हमले में बच्चे की मौत हुई है। परिजन बिना किसी कार्रवाई के शव को अपने साथ ले गए।
ये बोले खंड विकास अधिकारी
ग्राम पंचायतों में कुत्तों को पकड़ने के संसाधन नहीं है। ऐसे में वह नगर पंचायत या नगर पालिका से समन्वय बनाकर वहां से टीम बुलवा कर खुंखार हो चुके कुत्तों को पकड़वाने का काम करेंगे। इस संबंध में ब्लॉक प्रमुख की बेहट नगर पंचायत अध्यक्ष से भी वार्ता हुई है। जल्द ही गांव में टीम भेजी जाएगी।
-योगेंद्र चौधरी, खंड विकास अधिकारी मुजफ्फराबाद
ये भी देखें...
सहारनपुर मस्जिद ध्वस्तीकरण: अदालत ने 35 पेज के आदेश में दिया था अवैध करार; दोनों पक्षों ने रखे थे तर्क और सबूत