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राकिमसं ने धरना देकर लगाया सांकेतिक जाम

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नागल में धरना देते राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के किसान - फोटो : SAHARANPUR
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नागल (सहारनपुर)। बृहस्पतिवार को राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन (राकिमसं) के नेतृत्व में किसानों ने मांगों को लेकर नागल बस स्टैंड पर धरना देते हुए हाईवे पर सांकेतिक जाम लगाया। बाद में मौके पर पहुंचे एसडीएम देवबंद को मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा।
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संगठन के जिलाध्यक्ष सुखबीर सिंह ने धरने को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार किसानों की अनदेखी कर रही है। उनके विरुद्ध बेवजह पराली जलाने के मुकदमे दर्ज कर शोषण कर रही है। गन्ने का भुगतान किए बिना बिजली बिलों की वसूली के लिए दबाव बनाया जा रहा है। बिल जमा न करने पर कनेक्शन काटे जा रहे हैं। उन्होंने किसान का बकाया भुगतान जल्द से जल्द हो और गन्ने का भाव 450 रुपये प्रति क्विंटल किसान को देने की मांग। उन्होंने कहा कि किसानों के विरुद्ध पराली या पत्ती जलाने संबंधित जो मुकदमे दर्ज किए हैं, उन्हें सरकार वापस लें। इसके साथ ही प्रदूषण फैलाने वाली फैक्ट्रियों के विरुद्ध एनजीटी के तहत रिपोर्ट दर्ज की जाए। उन्होंने रेलवे द्वारा अधिग्रहण भूमि के उचित मूल्य किसानों को देने की मांग की। बाद में मौके पर पहुंचे एसडीएम देवबंद राकेश कुमार को प्रधानमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन सौंप कर धरना समाप्त कर दिया।
भाकियू की महापंचायत के लिए किया दौरा
नागल। आगामी शनिवार को मुजफ्फरनगर में आयोजित होने वाली भाकियू की तीन मंडलों की महापंचायत में भागेदारी के लिए ब्लॉक अध्यक्ष राजपाल सिंह पनियाली ने आमकी, मीरपुर मोहनपुर, नगली मेहनाज, गांगनौली आदि गांवों में नुक्कड़ सभाएं की। इस दौरान उन्होंने कहा कि चीनी मिल गन्ने का भुगतान नहीं कर रही हैं। गन्ने का भाव चार सौ रुपये प्रति क्विंटल होना चाहिए। इन मांगों को पूरा कराने के लिए महापंचायत में रणनीति तय की जाएगी। उनके साथ बिरम सिंह, भूपेंद्र त्यागी, विनोद खन्ना, अभिलाष आदि रहे।
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एसडीएम ने गड्ढों को बंद करवाकर आवागमन सुचारु कराया
नागल। बुधवार को मीरपुर रेलवे फाटक पर निर्माणाधीन सेतु के पास निकाली सर्विस रोड को किसानों ने गड्ढा खोदकर अवरुद्ध कर दिया था। उनकी मांग थी की कंपनी उन्हें मुआवजा नहीं दे रही है। जल्द से जल्द उन्हें आबादी के अनुसार मुआवजा मिलना चाहिए। नायब तहसीलदार राकेश कुमार शर्मा एवं थाना प्रभारी केपी सिंह ने देर शाम तक किसानों को समझाया, लेकिन किसान अपनी बात पर पड़े रहे। बुधवार की रात में करीब नौ बजे एसडीएम देवबंद राकेश कुमार भारी पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे और रास्ते पर बने गड्ढे को बंद करा कर आवागमन सुचारु कराया।

नागल में एसडीएम देवबंद को ज्ञापन देते किसान- फोटो : SAHARANPUR

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