अमर उजाला ब्यूरो
सहारनपुर। जमीयत उलमा ए हिंद (महमूद मदनी गुट) के कोषाध्यक्ष मुफ्ती आरिफ मजाहिरी ने कहा कि तालीम के बिना तरक्की मिलना मुमकिन नहीं है। इसलिए दीनी तालीम के साथ ही दुनियावी तालीम भी हासिल की जाए।
मंगलवार को सहारनपुर में हसनपुर चुंगी के पास रक्खा कालोनी स्थित मदरसा दारुल उलूम जकरिया के सालाना जलसा हुआ। उसमें मुफ्ती आरिफ मजाहिरी ने कहा कि इस्लाम अमन और एकता का पैग़ाम देता है। कोई छोटा या बड़ा नहीं है, सब एक समान हैं। उन्होंने कहा कि तालीम के बिना तरक्की नहीं मिल सकती है, इसलिए हर किसी को चाहिए कि अपने बच्चों को अच्छी से अच्छी तालीम दिलाए। जमीयत उलमा ए हिंद राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य मौलाना शमशीर क़ासमी ने कहा कि दहेज प्रथा का चलन देश और समाज के लिए खतरनाक है, इस बुराई के खात्मे के लिए प्रयास करना सबकी जिम्मेदारी है। युवा पीढ़ी को जुआ और नशे की बुराई से दूर रहना होगा। कारी जाकिर रशीदी और मदरसा संचालक कारी मुनव्वर ने भी विचार रखे।
इस दौरान मौलाना कमर, कारी राशिद, मास्टर अरशद, हाफिज अब्दुर्रहमान, कारी साहिल, हाजी मकसूद, डॉ. मुर्सलीन, यामीन, मुस्तकीम और रईस आदि मौजूद रहे। अंत में मदरसा संचालक ने सभी का आभार व्यक्त किया।