सहारनपुर के गंगोह क्षेत्र के ग्राम सलारपुर के पूर्व प्रधान द्वारा 2.68 लाख रुपये के गोलमाल किए जाने का खुलासा होने पर, जिला पंचायतराज अधिकारी द्वारा एक तिहाई धनराशि 89418 रुपये तुरंत जमा कराने के निर्देश दिए हैं।
चेतावनी दी है कि धनराशि जमा नहीं की गई तो आरसी जारी की जाएगी। जबकि ग्राम पंचायत सचिव एवं मनरेगा के तकनीकी सहायक के वेतन से शेष धनराशि वसूल की जाएगी।
ग्राम सलारपुर में हुए विकास कार्यों में गोलमाल की शिकायत पर जांच कराई गई। जांच के दौरान तत्कालीन ग्राम प्रधान प्रेमचंद सैनी द्वारा ग्राम पंचायत सचिव एवं मनरेगा के तकनीकी सहायक के सहयोग से 268254 रुपये का गोलमाल किए जाने का खुलासा हुआ।
जिलाधिकारी ने तीनों को गोलमाल का दोषी मानते हुए गोलमाल की धनराशि की वसूली तीनों से बराबर-बराबर किए जाने के निर्देश दिए। जिस पर ग्राम प्रधान से रिकवरी की प्रक्रिया शुरू कर दी गई।
जिला पंचायत राज अधिकारी अमरजीत सिंह ने प्रेमचंद सैनी को नोटिस भेजकर 89418 रुपये एक तिहाई धनराशि 25 मई तक जमा कराने एवं जमा की रसीद विभाग में जमा कराने के निर्देश दिए।
तथा चेतावनी दी गई कि निर्धारित समय में धनराशि जमा नहीं कराई गई तो धनराशि की वसूली भू-राजस्व की भांति कराई जाएगी। लेकिन तत्कालीन ग्राम प्रधान प्रेमचंद सैनी द्वारा 25 मई तक न तो विभाग में धनराशि की रसीद ही जमा कराई गई है और न ही धनराशि।
जिस पर जिला पंचायत राज अधिकारी अमरजीत सिंह ने 15 दिन का समय ग्राम प्रधान को और दिया गया। जिसका समय 10 जून को खत्म हो जाएगा।
ग्राम पंचायत सचिव सलीम अहमद तथा तकनीकी सहायक मनरेगा के वेतन से इतनी-इतनी ही धनराशि की कटौती किए जाने के भी निर्देश दिए गए। जिला पंचायतराज अधिकारी अमरदीप सिंह ने बताया कि पूर्व ग्राम प्रधान प्रेमचंद सैनी ने 10 जून तक उनके कार्यालय में धनराशि अथवा बैंक में
धनराशि जमा कराने की रसीद जमा नहीं कराई तो तहसील को मामला सुपुर्द कर दिया जाएगा और तहसील प्रशासन द्वारा आरसी जारी कर वसलूू कराई जाएगी। इसके अलावा ग्राम पंचायत सचिव तथा तकनीकी सहायक मनरेगा के वेतन से धनराशि की कटौती की जा रही है।